जम्मू। सरकारी नौकरी का झांसा देकर युवाओं से लाखों रुपये ठगने वाले आरोपी जमील अंजुम को कोर्ट ने कोई राहत नहीं दी। विशेष नगर मोबाइल मजिस्ट्रेट रजनी भगत की अदालत ने बुधवार को उसकी जमानत याचिका खारिज कर दी। आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी समेत कई गंभीर धाराओं में मामले दर्ज हैं।
कोर्ट ने कहा कि आरोपी के खिलाफ पहले से ही 10 से अधिक मामले दर्ज हैं और वह अपराध को पेशा बना चुका है। जांच प्रारंभिक स्तर पर है और सबूतों से छेड़छाड़ की आशंका है। इसलिए उसे जमानत नहीं दी जा सकती। आरोपित सरकारी शिक्षक है और वह पहले ही निलंबित किया जा चुका है।
क्राइम ब्रांच के अनुसार, आरोपी जमील अंजुम पर शिकायतकर्ता राशिद मनहास ने आरोप लगाया था कि उसे और उसकी बहन को सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर 10 लाख रुपये नकद और पांच लाख रुपये के सोने के गहने ठग गए हैं। उसने फर्जी नियुक्ति पत्र बनाकर दिए गए।