उन्होंने कहा कि दिहाड़ी कमाने वालों के सामने सबसे बड़ा संकट है। पाबंदियों से इनके समक्ष गंभीर संकट पैदा हो गया है। पांच अगस्त को लागू की गई पाबंदियों के बाद इन लोगों पर पहले से ही प्रभाव पड़ा है। ऐसे में छोटे व्यापारियों के लिए विशेष रूप से कुछ समय के लिए बकाया राशि माफ कर देनी चाहिए। उन लोगों की मदद करनी चाहिए जिनकी आजीविका वर्तमान चिंताजनक स्थिति के कारण प्रभावित हुई है। उम्मीद है कि सरकार इस दिशा में एक मजबूत पहल करेगी।