जम्मू-कश्मीर में फ्रंटलाइन वर्कर्स और अन्य वर्ग के लोगों को कोविड-19 वैक्सीन देने की तैयारी युद्धस्तर पर चल रही है। टीकाकरण के लिए प्रदेश में 4500 वैक्सीनेटर की पहचान की गई है, जो प्रतिदिन प्रत्येक साइट पर 100 वैक्सीन देने की क्षमता रखेंगे, जिससे रोजाना 4.5 लाख वैक्सीन वितरण की जा सकेगी।
अतिरिक्त वैक्सीनेटर के लिए एमबीबीएस, बीडीएस डॉक्टरों, प्रशिक्षुओं, स्टाफ नर्सों, सहायक नर्सिंग स्टाफ, फार्मासिस्टों और सेवानिवृत्त कर्मियों की शिनाख्त करने को कहा गया है। वैक्सीन के जनवरी 2021 तक पहुंचने की उम्मीद है।
मुख्य सचिव बीवीआर सुब्रहामण्यम ने प्रदेश के जिला उपायुक्तों और सीएमओ के साथ मैराथन बैठक कर कोविड 19 वैक्सीन के भंडारण और वितरण प्रणाली को मजबूत बनाने पर जोर दिया। उन्होंने जिला उपायुक्तों से 7 दिसंबर तक टीकाकरण स्थलों, कोल्ड चेन स्टोरेज बिंदु और अन्य जरूरतों के लिए माइक्रो प्लान जमा करवाने को कहा है। वितरण चैनलों में कोल्ड चेन के रखरखाव को सुनिश्चित करने को विशेष प्रयास किए जाएं।
कोविड टीकाकरण के दौरान कोविड परीक्षण और बच्चों व गर्भवती महिलाओं के लिए नियमित टीकाकरण प्रक्रिया प्रभावित नहीं की जाएगी। टीकाकरण से जुड़ी अफवाहों पर अंकुश लगाने को विभिन्न एजेंसियां समन्वय मजबूत बनाकर काम करें।