नेशनल कांफ्रेंस(नेका) के वरिष्ठ नेता अजय सडोत्रा ने पूर्व मुख्यमंत्री व सांसद डॉ. फारूक अब्दुल्ला पर पीएसए लगाने की कड़ी भर्त्सना की है। उन्होंने कहा कि डॉ. फारूक कई बार केंद्रीय मंत्री रह चुके हैं। 1966 में आतंकवाद के दौर में भी वह राष्ट्र हित के लिए लड़ते रहे। लेकिन भाजपा बदले की भावना से ऐसी कार्रवाई कर रही है। वह जम्मू-कश्मीर के प्रमुख विपक्षी दल के नेता हैं।
नेकां प्रवक्ता ने कहा कि पिछले 43 दिन से पार्टी नेताओं पर पाबंदियां लगाई गई हैं, जिससे अस्थिरता का माहौल बना हुआ है। इन परिस्थितियों में जम्मू-कश्मीर को मुसीबत की ओर धकेला जा रहा है। उन्होंने कहा कि ऐसे हालात में डॉ. अब्दुल्ला के स्वास्थ्य पर गहरा असर पड़ेगा। भाजपा को अपनी नीतियों में बदलाव लाना चाहिए।