ministry of personnel public grievances and pensions
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केंद्र सरकार ने कश्मीर घाटी में कार्यरत अपने कर्मचारियों को विशेष रियायत और प्रोत्साहन पैकेज की सुविधा तीन सालों के लिए बढ़ा दी है। कार्मिक मंत्रालय की ओर से जारी एक आदेश में यह जानकारी दी गई। इसका लाभ अनंतनाग, बारामुला, बडगाम, कुपवाड़ा, पुलवामा, श्रीनगर, कुलगाम, शोपियां, गांदरबल और बांदीपोरा जिले में काम करने वाले केंद्रीय कर्मचारियों को मिलेगा।
यह आदेश सोमवार को जारी किया गया था। इसके मुताबिक, केंद्रीय कर्मचारियों को मिलने वाली ये सुविधाएं एक अगस्त 2021 से प्रभावी होंगी। प्रोत्साहन पैकेज सभी मंत्रालयों, विभागों, भारत सरकार के सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों में समान रूप से लागू होगा। साथ ही इन्हें यह सुनिश्चित करना होगा कि वे पैकेज की निर्धारित दरों का कड़ाई से पालन करें।
कश्मीर घाटी में काम करने वाले कर्मचारियों के पास यह विकल्प होगा कि वह चाहें तो अपने परिवार के सदस्यों को भारत में अपने किसी पसंदीदा स्थान पर रख सकते हैं और इसका खर्च सरकार वहन करेगी। आदेश के मुताबिक, परिवार के लिए परिवहन भत्ता, स्थायी स्थानांतरण के समान लागू रहेगा।
आदेश में कहा गया है कि यदि कोई कर्मचारी अपने परिवार को किसी चुनिंदा निवास स्थान पर नहीं ले जाना चाहते हैं, उन्हें प्रति दिन 113 रुपये का प्रति दिन भत्ता दिया जाता है। आदेश के मुताबिक रियायतों या प्रोत्साहनों का पैकेज कश्मीर घाटी में काम करने वाले अस्थायी दर्जे के आकस्मिक श्रमिकों के लिए स्वीकार्य होगा।
कश्मीर घाटी पैकेज के तहत घाटी में कार्यरत कर्मचारियों को अतिरिक्त आवास किराया भत्ता भी मिलेगा, भले ही वह घाटी का ही निवासी क्यों ना हो।