मुख्यमंत्री मुफ्ती मोहम्मद ने कहा है कि हम जम्मू कश्मीर का इतिहास बदलना चाहते हैं। जम्मू के लोगों को कश्मीर के साथ जोड़ना चाहते हैं तभी कश्मीर पूरे देश से जुड़ पाएगा।
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राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा का उत्तर देते हुए मुफ्ती ने कहा कि भाजपा के साथ गठबंधन के लिए उन्होंने दो माह तक इंतजार किया। जबतक गठबंधन एजेंडा बन नहीं गया तबतक सरकार नहीं बनाई।
इससे पहले 2002 में भी कांग्रेस से गठबंधन से पहले सीएमपी बनाई गई थी। तब भी जम्मू कश्मीर के सभी लोगों से बिना शर्त बातचीत को सीएमपी में प्राथमिकता दी गई थी। मुफ्ती ने कहा कि न ग्रेनेड से और न गोली से, बात बनेगी बोली से।
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कुर्सी के लिए नहीं किया समझौता
मुफ्ती ने कहा कि उन्होंने कुर्सी के लिए भाजपा से समझौता नहीं किया। हम कश्मीर में अमन के साथ विकास चाहते हैं। लोगों को जोड़ना चाहते हैं। आज कश्मीर के छात्रों को देश के दूसरे विश्वविद्यालयों में शक की दृष्टि से देखा जाता है। इसे खत्म करना है। हम इस ऐतिहासिक मौके के लिए खिड़कियां खोलना चाहते हैं।
बाढ़ के विशेष पैकेज के लिए द्राबू जाएंगे दिल्ली मुख्यमंत्री ने कहा कि बाढ़ से रियासत को भारी नुकसान हुआ है। केंद्र से मिले 1100 करोड़ रुपये हैं और 1500 करोड़ रुपये और आने वाले हैं। विशेष पैकेज के लिए वित्त मंत्री डा. हसीब द्राबू के नेतृत्व में अधिकारियों की टीम दिल्ली जाएगी। प्रधानमंत्री मोदी इस मुद्दे पर संवेदनशील हैं। इसलिए रियासत को उदार मदद की उम्मीद है।
कश्मीरी पंडितों की सम्मान के साथ होगी वापसी कश्मीरी पंडितों की सम्मान के साथ वापसी होगी। प्राइमरी एजूकेशन पर ज्यादा जोर दिया जाएगा। लोकल बाडीज और पंचायतों के चुनाव जल्द कराए जाएंगे। मुगल रोड को वैकल्पिक रूट के रूप में विकसित किया जाएगा। जम्मू को स्वायत्त पर्यटन क्षेत्र के रूप में विकसित किया जाएगा।
डुलहस्ती और उड़ी प्रोजेक्ट वापस होंगे उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार डुलहस्ती और उड़ी बिजली प्रोजेक्टों को एनएचपीसी से रियासत को दिलाने पर सहमत हो गई है। अब इसके लिए कुछ औपचारिकताएं ही बाकी हैं। यह गठबंधन के एजेंडे से ही संभव हो पाया है। मध्य प्रदेश में 150 मिलियन टन कोल ब्लाक का आंवटन भी तय हो गया है। रियासत सरकार मध्य प्रदेश में ही बिजली प्रोजेक्ट बनाकर वहां से ग्रिड द्वारा बिजली लाएगी।
सेना से जमीन वापसी को कमेटी बनेगी
पंचायती राज को मजबूत करेंगे, टीम गुजरात जाएगी मुख्यमंत्री ने कहा कि संविधान से संशोधनों की संख्या के पेर में नहीं पड़ते हुए पंचायती राज को मजबूत बनाएंगे। हिमाचल, कर्नाटक और गुजरात के पंचायती राज माडल का अध्ययन करने प्रदेश से टीमें जाएंगी। इस अध्ययन के बाद रियासत के लिए अलग माडल बना लिया जाएगा।
सेना से जमीन वापसी को कमेटी बनेगी मुफ्ती ने कहा कि सेना के पास जो जमीन अवैध तरीके से कब्जे में है उसे वापस लिया जाएगा। यह काम जल्द पूरा होगा। अगर सेना को किसी जमीन की जरुरत है तो उसके लिए जमीन मालिक को मुआवजा देना पड़ेगा।
रिफ्यूजियों के लिए एकमुश्त पैकेज जम्मू कश्मीर में 1947, 1965 और 1971 से रह रहे रिफ्यूजियों के लिए एकमुश्त पैकेज लागू किया जाएगा। इसके लिए उप मुख्यमंत्री निर्मल सिंह की अध्यक्षता में एक कमेटी बनाकर पैकेज लागू कर दिया जाएगा। इसमें केंद्र से भी सहयोग मिलेगा। बार्डर और एलओसी पर रहने वाले लोगोंकी सुविदाओं का खास ध्यान रखना है। कोली और पहाड़ियों को अनुसूचित जाति का दर्जा देना भी सीएमपी में शुमार है। वेस्ट पाकिस्तानी रिफ्यूजियों का मसला मानवीय है। उन्हें निजी नौकरियों में प्राथमिकता दिलाई जाएगी।
भ्रष्टाचार करने वालों को माफ नहीं किया जाएगा उन्होंने कहा कि पारदर्शी सरकार और सुशासन के एजेंडे को अमल में लाया जाएगा। भ्रष्टाचार और खयानत करने वालों को माफ नहीं किया जाएगा। तीन साल से पहले अधिकारियों के ट्रांसफर नहीं होंगे। ट्रांसफर उद्योग बंद होगा।
विप में उठी यात्री किराया कम करने की मांग
4000 कनाल वक्फ भूमि पर अतिक्रमण रियासत में 4000 कनाल के करीब वक्फ भूमि पर अतिक्रमण है। विधान परिषद में नेकां सदस्य डा. शहनाज गनेई के सवाल के जवाब में हज और औकाफ मंत्री अब्दुल रहमान वीरी ने कहा कि पूरी रियासत में वक्फ भूमि पर अतिक्रमण होता रहा है। मंत्रालय की जिम्मेदारी संभालने के बाद वह विभाग में जिम्मेदारी तय करने को प्राथमिकता देंगे। उन्होंने कहा कि जम्मू के रेजिडेंसी रोड में भी वक्फ भूमि पर अतिक्रमण है। ऐसा ही हाल राजोरी पुंछ और कश्मीर में भी है।
विप में उठी यात्री किराया कम करने की मांग विधान परिषद में प्रश्नकाल के दौरान नेकां सदस्य डा. शहनाज गनेई ने पेट्रोल और डीजल के दाम में कमी आने के बाद रियासत में यात्री किरायों में अब तक कमी न होने पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि रियासती सरकार को इस संबंध में उचित कदम उठाकर यात्रियों को राहत प्रदान करनी चाहिए। इससे पूर्व नेकां सदस्य डीए ओबराय ने टैक्सी और आटो रिक्शा में इलेक्ट्रानिक मीटर काम न करने का मामला उठाया। उन्होंने कहा कि यात्रियों से मनमर्जी से किराया वसूला जाता है। नेकां के ही सदस्य शेख गुलाम कादिर परदेसी ने कहा कि कानून को लागू करवाने के लिए फंड की नहीं बल्कि इच्छा शक्ति की जरूरत है। सदस्यों के सवालों के जवाब में परिवहन राज्य मंत्री अब्दुल गनी कोहली ने कहा कि इलेक्ट्रानिक मीटर लगाने के दिशा निर्देश जारी किए गए हैं।
पीएमजीएसवाई की दो योजनाएं पूरी नहीं विधान परिषद में प्रश्नकाल के दौरान कांग्रेस सदस्य शाम लाल भगत ने जम्मू संभाग में पीएमजीएसर्वाई के तहत दूसरे और तीसरे चरण में कई सड़कों का निर्माण कार्र्य पूरा न होने का मामला उठाया। सड़क एवं भवन निर्माण मंत्री अल्ताफ बुखारी ने जवाब में कहा कि ग्रामीण विकास विभाग की ओर से पीएमजीएसवाई के तहत मंजूर की गई 26 योजनाओं में से दो पर काम पूरा नहीं हुआ है। ऐसे टेंडरों को रिस्पांस न मिलने की वजह से हुआ है।
डाटा आपरेटरों की सेवाएं नियमित नहीं होगी ग्राम रोजगार योजना के अंतर्गत मनरेगा में तकनीकी सहायता देने के लिए डाटा आपरेटर के पद पर तैनात अस्थायी कर्मचारियों की सेवाओं को नियमित करने की सरकार के पास कोई योजना नहीं है। विधान परिषद में प्रश्नकाल के दौरान नेकां सदस्य शौकत हुसेन गनेई के सवाल के जवाब में ग्रामीण विकास मंत्री अब्दुल हक खान यह जवाब दिया। बहरहाल मंत्री ने कहा कि जब तक योजना पर काम हो रहा है तब तक ऐसे कर्मचारी काम कर सकते हैं।
सरकार ने मानी पेयजल की है किल्लत पीएचई, सिंचाई औैर बाढ़ नियंत्रण राज्य मंत्री अब्दुल मजीद पाडर ने शुक्रवार को विधान परिषद में प्रश्नकाल के दौरान पीडीपी सदस्य सुरेंद्र चौधरी के सवाल के जवाब में स्वीकार किया कि नौशेरा और सुंदरबनी विधानसभा क्षेत्रों में पेयजल की किल्लत है। उन्होंने कहा कि बिजली की समस्या की वजह से विभाग पेयजल को जरूरत के अनुसार लिफ्ट नहीं कर पा रहा है।
नई प्रशासनिक इकाइयां कार्यशील होंगी राजस्व मंत्री जावेद मुस्तफा ने विधानसभा के प्रश्नकाल के दौरान कहा कि सरकार नवगठित प्रशासनिक इकाइयों को कार्यशील करेगी। जावेद राणा अहमद द्वारा उठाए सवाल पर मंत्री ने कहा कि नई इकाइयों को आवश्यक स्टाफ और बुनियादी ढांचा समय सीमा के अंदर पूरा किया जाएगा। मेंढर सहित कोई भी नया जिला बनाने का प्रस्ताव नहीं है। विधायक जीवन लाल के सवाल पर मंत्री ने कहा कि लोहाई और दुग्गाएं तहसील में तहसीलदार का पद अभी सृजित नहीं किया है। जब पद बनाया जाएगा तो वहां अफसर भी नियुक्त किया जाएगा। विधायक मियां अल्ताफ, जीएम सरूरी, विकार रसूल और जावेद मुस्तफा ने भी नई प्रशासनिक इकाईयों के लिए स्टाफ नियुक्त करने की मांग की थी।
हाइड्रो प्रोजेक्ट की रिपोर्ट अंतिम चरण में : उपमुख्यमंत्री उपमुख्यमंत्री डा. निर्मल सिंह ने सदन को सूचित किया कि करनाह में हाइड्रो इलेक्ट्रिक प्रोजेक्ट (एचईपी) की डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट (डीपीआर) बनाने का काम अंतिम चरण में है। विधायक राजा मंजूर अहमद के सवाल का जवाब देते हुए उपमुख्यमंत्री ने कहा कि करनाह स्थित एचईपी की क्षमता 12 मेगावाट करने की योजना को मंजूरी दे दी है।