क्लस्टर विश्वविद्यालय जम्मू में जुलाई से पीएचडी प्रोग्राम शुरू होंगे। वहीं नवाचार की दुनिया में आगे बढ़ने वाले छात्रों को भी प्रोत्साहित किया जाएगा, ताकि छात्रों को इच्छुक क्षेत्र में आगे बढ़ने में आसानी हो सके। आम लोगों को भी पढ़ाई का लाभ मिले। साथ ही श्रेष्ठ अभिनव प्रयास करने वाले छात्रों को भी क्रेडिट अंक दिए जाएंगे।
यह निर्णय वीरवार को कुलपति प्रो. बेचन लाल की अध्यक्षता में हुई क्लस्टर विश्वविद्यालय की चौथी अकादमिक काउंसिल में लिया गया। कुलपति प्रो. बेचन लाल ने अनुभव परियोजना आधारित शिक्षा की व्यवस्था को शुरू करने पर जोर दिया। उन्होंने परिषद के सदस्यों से प्रतिकूल वातावरण तैयार करने का आग्रह किया, ताकि छात्रों को नए अभिनव विचारों का पता लगाने और प्रयोग करने में सहायता मिल सके।
उन्होंने छात्रों के लिए को थिंक टैंक पोषित करने का सुझाव दिया है। उन्होंने कहा कि नए विचारों को साझा करने और बहु विषयक क्षेत्रों में छात्रों को एक मंच प्रदान करना होगा। इसके लिए उन्हें बेहतर तरीके से प्रोत्साहित करने की जरूरत है। वहीं अकादमिक मामलों के डीन डॉ. नवीन आनंद ने c
कुलपति ने बैठक में प्रायोजित अनुसंधान परियोजनाओं के लिए दिशा निर्देश भी दिए हैं। जुलाई 2023 से पीएचडी कार्यक्रम की शुरूआत होगी। नई शिक्षा नीति के तहत यूजी पाठ्यक्रम में संशोधन किया जाएगा। दाखिला शुल्क में बदलाव किया जाएगा।
अब यूजी और पीजी कोर्स में दाखिले के लिए सीयूईटी की परीक्षा आयोजित की जाएगी। छात्रों के लिए ग्रीष्मकालीन सेमेस्टर शुरू किए जाएंगे, ताकि उनकी पढ़ाई में चूक न रहे और समयबद्ध तरीके से परीक्षाएं ली जा सकें। इससे छात्रों को लाभ मिल सकेगा। मौके पर क्लस्टर विश्वविद्यालय श्रीनगर के वीसी प्रोफेसर कय्यूम हुसैन, जम्मू क्लस्टर विश्वविद्यालय के रजिस्ट्रार डॉ. जतिंद्र खजूरिया, विभिन्न संकायों के डीन और कॉलेजों के प्राचार्य भी उपस्थित रहे।