फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जम्मू में तीन दिन तक नहीं मिलेंगी दवाएं

Thu, 02 Feb 2017 07:32 PM IST
ब्यूरो, अमर उजाला/जम्मू
विज्ञापन
दवाएं - फोटो : Demo Pic.
विज्ञापन
अस्पतालों में एक निजी कंपनी की ओर से खोली जा रही दवा की दुकानों के विरोध में वीरवार से दवा विक्रेता (होलसेल व रिटेल) तीन दिनी हड़ताल पर चले गए। शहर के प्रमुख अस्पतालों जीएमसी, एसएमजीएस, गांधीनगर सहित आसपास के क्षेत्रों में हड़ताल का ज्यादा असर दिखा। दवा विक्रेताओं ने शालामार अस्पताल के बाहर सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर नारेबाजी की।
विज्ञापन


शुक्रवार से आंदोलन को तेज करते हुए उधमपुर, कठुआ सहित अन्य दूसरे जिलों में दवा की दुकानें बंद करवाने का काम किया जाएगा। पहले ही दिन हड़ताल से मरीज बेहाल रहे। दवा विक्रेताओं की हड़ताल पर शहर में ज्यादा असर रहा। बख्शीनगर, शालामार, सरवाल, गांधीनगर सहित अन्य इलाकों में लगभग दवा की दुकानों पर दिनभर ताले लगे रहे।

जम्मू-कश्मीर केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन शुक्रवार से जिला स्तर पर आंदोलन को आगे बढ़ाएगी। एसोसिएशन के संयोजक रोहित शर्मा और जम्मू केमिस्ट एसोसिएशन के प्रधान नवीन बाली ने बताया कि जिला स्तर के दवा विक्रेताओं को हड़ताल के लिए सूचित कर दिया गया है और शुक्रवार से इसका असर दिखेगा।
विज्ञापन


शहर के प्रमुख अस्पतालों में पहले ही सरकारी कोआपरेटिव दवा की दुकानें चल रही हैं। ऐसे में निजी कंपनी को दवा की दुकानें खोलने का अधिकार देने का कोई तुक नहीं है। इससे धड़ल्ले से घटिया स्तर की दवाओं को अस्पतालों के भीतर बेचकर मरीजों की सेहत से खिलवाड़ किया जा रहा है। इसकी कई शिकायतें अस्पताल प्रशासनों के पास भी आई हैं। इस मामले को स्वास्थ्य मंत्री के समक्ष भी उठाया गया है।

उक्त कंपनी को जम्मू संभाग में 57 दुकानें अलाट की गई हैं, जो सभी सरकारी अस्पतालों में खोली जानी हैं। उन्होंने बताया कि जम्मू संभाग में होलसेल और रिटेल की करीब पांच हजार दवा की दुकानें हैं।

इससे पूर्व गत 30 जनवरी को भी एसएमजीएस अस्पताल में निजी कंपनी द्वारा अस्थायी दवा की दुकान का ढांचे का निर्माण करने के विरोध में दवा विक्रेताओं ने आधा दिन हड़ताल रखी थी। इसके बाद सीडी अस्पताल में दोबारा अन्य दुकान का ढांचा खड़ा करने के विरोध में दवा विक्रेताओं ने तीन दिन की हड़ताल का ऐलान किया। दोनों ही जगहों पर दवा विक्रेताओं की ओर से ढांचों के निर्माण का काम बंद करवा दिया गया था। 
Trending Videos
विज्ञापन

दवाओं के लिए मारामारी की स्थिति

जम्मू में दवा विक्रेताओं की हड़ताल - फोटो : AMAR UJALA
दवा विक्रेताओं की हड़ताल से गिनी-चुनी खुली दुकानों पर दवाओं के लिए मारामारी की स्थिति रही। जीएमसी के भीतर चल रही एक निजी कंपनी की दुकान पर हालत यह थी कि भीड़ को काबू करने के लिए दिनभर पुलिसकर्मी तैनात करने पड़े। मरीजों और तीमारदारों से पर्ची ली जा रही थी, जिसमें लंबे समय बाद संबंधित पर्ची वाले को बुलाकर दवा दी जा रही थी। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए दुकान के स्टाफ के साथ पुलिसकर्मियों को कड़ी कसरत करनी पड़ी।

कोआपरेटिव दुकानों की बिक्री दोगुनी हुई 
दवा विक्रेताओं की हड़ताल से एसएमजीएस अस्पताल के भीतर चल रहीं दो कोआपरेटिव फेयर प्राइज दवा की दुकानों की एक ही दिन में दोगुनी बिक्री हो गई। अमूमन दोनों दुकानों से 70-80 हजार रुपये के बजाय वीरवार को करीब डेढ़ लाख रुपये तक की दवा की बिक्री हुई। जम्मू कोआपरेटिव होलसेल लिमिटेड सुपर बाजार के जीएम विकार अहमद ने इसकी पुष्टि करते हुए बताया कि जीएमसी के बाहर दो कोआपरेटिव दुकानों को हड़ताली दवा विक्रेताओं ने नहीं खोलने दिया, जिससे एसएमजीएस पर ज्यादा लोड रहा। लोगों की सहूलियत के लिए चौबीस घंटे कोआपरेटिव दवा की दुकानें खोली गई हैं। 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें