दुब्बीगली में बस दुर्घटना के बाद पंचैरी ब्लाक के ग्रामीणों का गुस्सा थम नहीं रहा है। शुक्रवार को पंचैरी के लोगों ने डीसी कार्यालय के बाहर एकजुट होकर प्रदर्शन किया और मांगों का ज्ञापन डीसी को सौंपा।
दोपहर करीब साढ़े बारह बजे पंचैरी के लोगों ने हंस राज ठाकुर के नेतृत्व में डीसी कार्यालय के बाहर प्रदर्शन किया। इस दौरान आशा देवी, कुलदीप सिंह, संजय, प्रीतम लाल व अन्य ने बताया कि परिवहन विभाग और पीडब्ल्यूडी की लापरवाही के कारण ही आए दिन पंचैरी ब्लाक के विभिन्न हिस्सों में खटारा यात्री बसें दुर्घटना का शिकार बन रही हैं।
इसमें अभी तक कई लोग अपनी जान गंवा चुके हैं। पंचैरी ब्लाक के विभिन्न रूटों पर चलने वाली ज्यादातर बसें पुराने मॉडल की हैं। बसों के मालिकों ने मरम्मत करवाकर बसों को वीडियो कोच बना कर चलाना शुरू कर दिया है।
पुरानी बसों बनती हैं हादसे का कारण
देखने में तो बसें नई लगती हैं, लेकिन हकीकत में इनकी हालत खराब होती हैं। इन बसों को परिवहन विभाग की तरफ से भी बिना जांच के फिटनेस सर्टीफिकेट जारी कर दिया जाता है।
इसी तरह पंचैरी की सड़कों की हालत भी पूरी तरह से खस्ता है। पीडब्ल्यूडी की तरफ से आज तक पंचैरी की सड़कों की मरम्मत को लेकर कोई योजना तैयार नहीं की गई है।
इसलिए सड़कों का हालत दिन ब दिन खस्ता होती जा रही है। उनकी मांग है कि पीडब्ल्यूडी जल्द सड़कों की मरम्मत का काम शुरू करे।
मृतक के आश्रितों को पांच लाख देने की मांग
लोगों ने राज्य सरकार से मांग की है कि दुब्बीगली की बस दुघर्टना में मारे गए मृतकों के परिजनों को पांच लाख रुपये व घायलों को एक लाख रुपये की मुआवजे के रूप में राशि जल्द जारी करे।
अगर जल्द मांगे पूरी नहीं की गई तो आने वाले दिनों में लोग सड़कों पर उतरने को मजबूर हो जाएंगे।