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जम्मू: आग लगने के बाद गिरी इमारत, तीन दमकल कर्मियों की मौत, छह घायल

Wed, 12 Feb 2020 10:16 AM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू

सार

  • तालाब तिल्लो क्षेत्र में गोल पुली के पास सुबह 5.30 बजे हादसे में दो अन्य कर्मियों समेत छह घायल
  • आठ घंटे में निकाले तीनाें शव, मलबे से देर शाम तक उठती रहीं लपटें, आसपास के भवन खाली कराए
  • ऊपरी मंजिल में रह रहा था आरा मिल मालिक का परिवार, आग लगने पर बाहर आ गए थे सभी सदस्य
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जम्मू में आग लगने के बाद इमारत गिरी - फोटो : ANI
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विस्तार
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जम्मू शहर के तालाब तिल्लो इलाके में गोल पुली के पास आरा मिल में भीषण आग लगने से तीन मंजिला इमारत भरभरा कर गिर गई। प्रचंड लपटों को बुझाने में जुटे तीन दमकल कर्मियों की इमारत के मलबे में दबने से मौत हो गई। हादसे में दो अन्य दमकल कर्मियों समेत छह लोग घायल हो गए हैं। दोनों कर्मियों की हालत नाजुक है। सुबह साढ़े पांच बजे हुए हादसे के आठ घंटे बाद तीनों शव एक-एक कर निकाल लिए गए। मरने वालों में फायर एंड इमरजेंसी विभाग के कर्मी रतन चंद, मोहम्मद असलम और विमल रैना शामिल हैं। देर शाम तक मलबे के बीच से आग की लपटें उठती रहीं। आरा मिल में करोड़ों की लकड़ी रखी हुई थी। एहतियातन आसपास की इमारतों को खाली कराया गया है। आग लगने का कारण पता नहीं चल पाया है।
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जानकारी के अनुसार गोल पुली के बिल्कुल सामने तालाब तिल्लो के रहने वाले रमेश गुप्ता की आरा मिल है। आरे के ऊपर ही उनका तीन मंजिला घर भी था। रमेश अपनी पत्नी के साथ रहते हैं। बुधवार सुबह सवा 4 बजे रमेश को आरे से धुआं निकलते दिखा। वह नीचे आया तो देखा कि आग लकड़ियों की ओर फैलती जा रही थी। उसने दमकल विभाग को सूचित किया। अपने जानकारों को फोन भी किया। फौरन घर में मौजूद सभी सदस्यों को बाहर निकाला। वहीं, आस पड़ोस के लोग भी जमा हो गए। फायर एंड इमरजेंसी विभाग को सूचना मिलते ही दमकल कर्मियों ने आग बुझाने का काम शुरू कर दिया। 5:30 बजे तक दमकल कर्मियों ने आग पर 80 फीसदी काबू पा लिया। 

कर्मी आग को बुझाते हुए आरे के अंदर घुस रहे थे। तीन कर्मी रतन चंद, मोहम्मद असलम और विमल रैना आग बुझाते हुए अंदर घुसे ही थे कि आरा मिल के ऊपर बनी इमारत का एक पिलर खिसका। इस पिलर के गिरते दमकल कर्मी बाहर दौड़े, लेकिन तीन कर्मी अंदर ही फंसे रह गए। पिलर के खिसकते ही धमाके के साथ तीन मंजिला इमारत नीचे गिर गई। तीनों कर्मी मलबे में दब गए। धमाके की आवाज और मलबा गिरने से पूरे इलाके में कंपन महसूस की गई। इमारत के गिरते ही चीख पुकार और हाहाकार मच गया। दमकल कर्मी सतपाल व पूरण और पास से गुजर रहे स्थानीय चार अन्य लोग मलबे की चपेट में आने से घायल हो गए। हालांकि घायलों की हालत स्थिर बताई जा रही है।
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यह हुए घायल 
दमकल कर्मी पूरण सिंह निवासी पलांवाला और सतपाल निवासी सुंदरबनी हादसे में घायल हुए। घायलों में स्थानीय निवासी लोकेश ,अमित, राहिल और गुरप्रीत भी शामिल हैं। 

दिनभर बंद रहा तालाब तिल्लो मार्ग
आरा मिल हादसे के रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान बुधवार दिन भर तालाब तिल्लो सड़क बंद रखी गई। मौके पर लोगों का हुजूम उमड़ा रहा। 

एसडीआरएफ-एनडीआरएफ भी बुलाई
इमारत गिरने से मची अफरा तफरी के बीच एसडीआरएफ को मौके पर बुलाया गया। एसडीआरएफ ने मलबे को हटाकर सबसे पहले दमकल कर्मी विमल का शव निकाला। लेकिन तीन मंजिला इमारत का मलबा होने की वजह से दिक्कतें आने लगीं। इसके बाद एनडीआरएफ की टीम को भी बुलाया गया। एनडीआरएफ की टीमें आधुनिक उपकरणों के साथ सुबह 11 बजे मौके पर पहुंची। 12:30 बजे मलबा हटाते समय रतन चंद का शव देखा गया। जिसे बाहर निकाला गया। ठीक 1:45 बजे तीसरे दमकल कर्मी मोहम्मद असलम का शव भी दिखा जिसे जल्द ही बाहर निकाल लिया गया। 

सहकर्मियों ने मलबे में दबते देखे थे तीन साथी
आरा मिल 65 फुट लंबी इमारत में चल रही थी। पिलर गिरने के कुछ ही देर बाद इमारत गिरते समय सहकर्मियों ने अपने तीन साथियों को दबते देखा था। इसी सूचना के आधार पर चिह्नित जगह से मलबा हटाने का कार्य शुरू किया गया। जैसे जैसे मलबा हटा तो दबे कर्मियों के शव भी मिलते गए। 
  • सुबह 8 बजे दमकल कर्मी विमल का सबसे पहले शव निकाला
  • दोपहर 12:30 बजे रत्न चंद का शव निकाला गया
  • दोपहर 1:45 मिनट पर मोहम्मद असलम का शव निकाला गया

तमाम बड़े अफसर मौके पर पहुंचे
इस हादसे की सूचना मिलते ही बड़े अफसर और नेता मौके पर पहुंचे। डीजीपी दिलबाग सिंह, दमकल विभाग के डीजीपी वी के सिंह, मंडलायुक्त संजीव वर्मा, आईजी मुकेश सिंह, डीसी जम्मू सुषमा चौहान, एसएसपी श्रीधर पाटिल, एसपी पीडी नित्य, भाजपा अध्यक्ष रवींद्र रैना, पूर्व विधायक सत शर्मा, एडीसी घनश्याम आदि मौके पर पहुंचे। 
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जीएमसी में अफरा तफरी रही
गोल पुली घटना में एक के बाद एक घायल के जीएमसी में पहुंचने से अफरा तफरी का माहौल रहा। इनमें सभी को सात नंबर इमरजेंसी में इलाज देने के बाद ओल्ड इमरजेंसी में शिफ्ट किया गया। घायलों के पहुंचने की सूचना से सात नंबर से सामान्य मरीजों को दूसरी जगह शिफ्ट करके उसे खाली करवा लिया गया था। इस बीच दमकल और पुलिस विभाग के उच्चाधिकारियों ने पहुंचकर दमकलकर्मियों और अन्य घायलों का हाल जाना। अधिकारियों की मौजूदगी से इमरजेंसी में आम तीमारदारों की आवाजाही बंद कर दी गई थी। जिससे इमरजेंसी के भीतर जाने को लेकर कई बार लोगों की सुरक्षाकर्मियों से बहस और कहासुनी हुई। सुरक्षाकर्मियों को भी लोगों को समझाने में कड़ी कसरत करनी पड़ी। 

दमकल कर्मी के परिवार वालों का रो रोकर बुरा हाल 
गोल पुली इमारत ढहने से मलबे में दबकर मारे गए दमकल कर्मी विमल के परिवार वालों का जीएमसी में रो रोकर बुरा हाल था। इसकी सूचना पाकर परिवार के सदस्यों के अलावा अन्य रिश्तेदार पहुंचे थे। इमरजेंसी के बाहर अन्य लोग भी परिवार वालों का सांत्वना दे रहे थे। इस बीच दमकल विभाग के अधिकारी भी परिवार वालों के साथ थे। विमल का जीएमसी में पोस्टमार्टम करवाया गया। 
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