महज सप्ताह भर पहले लोकार्पित की गई 450 मेगावाट उत्पादन क्षमता की बगलिहार पनबिजली परियोजना-दो से वर्तमान में मुश्किल से एक-चौथाई उत्पादन हो पा रहा है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सात नवंबर 2015 को इसे देश को समर्पित किया था। हालात यह हैं कि परियोजना से वैकल्पिक दिन पर उत्पादन करने की नौबत आ गई है। बगलिहार-एक परियोजना की हालत भी कुछ ऐसी ही है।
आधिकारिक सूत्रों के अनुसार सर्दी के मौसम में चिनाब दरिया के जल स्तर में भारी गिरावट की वजह से बगलिहार-दो परियोजना में उत्पादन 90 से 100 मेगावाट तक ही हो पा रहा है।
एक दिन छोड़ कर दूसरे दिन उत्पादन करने की नौबत भी आ चुकी है। सर्दी बढ़ने पर दरिया में जल स्तर में और कमी आ सकती है। इसका सीधा असर पनबिजली उत्पादन पर पड़ेगा।