रामबन जिले के चंद्रकोट में चिनाब दरिया पर बनी जम्मू-कश्मीर रियासत की प्रतिष्ठित पन बिजली परियोजना बगलिहार एक और दो का आठ हजार करोड़ का मेगा बीमा होगा।
इन दोनों प्रतिष्ठित परियोजनाओं को दुर्घटना, आतंकवादी घटना, मशीनरी ब्रेक डाउन, प्राकृतिक आपदा आदि से बीमा कवर के दायरे में लाने के लिए जम्मू-कश्मीर पावर डेवलपमेंट कारपोरेशन ने कवायद शुरू कर दी है।
आधिकारिक सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार बगलिहार दो परियोजना अभी निर्माणाधीन है और 450 मेगावाट क्षमता की इस परियोजना का 300 मेगावाट बिजली उत्पादन का काम सफलतापूर्वक पूरा किया जा चुका है।
शेष 150 मेगावाट के उत्पादन क्षमता की टेस्टिंग का काम भी माह के अंत तक पूरा होने की उम्मीद है। बगलिहार दो परियोजना को अक्तूबर माह के अंत तक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को राष्ट्र को समर्पित करना है। बगलिहार एक परियोजना की क्षमता भी 450 मेगावाट की है और यहां से 2008 से बिजली उत्पादन हो रहा है।
रियासत की बिजली क्षेत्र की इन दोनों बड़ी संपत्तियों को प्राकृतिक आपदा, आतंकवादी घटना, मशीनरी ब्रेक डाउन, जल स्तर बढ़ने से होने वाली किसी भी खराबी आदि से सुरक्षा कवर मुहैया करवाने के लिए मेेगा बीमा कवर की कवायद की गई है।
दोनों परियोजनाओं का करीब 8000 करोड़ का बीमा कवर करने के लिए जम्मू-कश्मीर पावर डेवलपमेंट कारपोरेशन ने राष्ट्रीय स्तर पर सार्वजनिक और निजी बीमा कंपनियों से निविदा आमंत्रित की है। बीमा कवर एक साल का होगा।
यह 23 अक्तूबर, 2015 से 23 अक्तूबर, 2016 के लिए होगा। माना जा रहा है इतने बड़े बीमा कवर का प्रीमियम भी 400 से 500 करोड़ के बीच रह सकता है।
जम्मू-कश्मीर पावर डेवलपमेंट कारपोरेशन के वित्त निदेशक उपेंद्र जीत सिंह ने बगलिहार परियोजना एक और दो का बीमा कवर करवाने की कवायद शुरू करने की पुष्टि की है।