आईआईटी जम्मू में आयुर्वेदिक केंद्र की शाखा खोल दी है। इससे अधिकांश लोगों को लाभ मिलेगा। इसमेंं आयुर्वेद से संबंधित पढ़ाई करवाई जाएगी। इससे आयुर्वेद को व्यापक स्तर पर बढ़ावा मिलेगा। इसके अलावा आईआईएम जम्मू की खाली जगह में हर्बल गार्डन तैयार किया जा रहा है।
वरिष्ठ अधिकारियों ने यहां जायजा लिया है। अब गार्डन का काम शुरू किया जाएगा। ये जानकारी जम्मू कन्वेंशन सेंटर में आयोजित जी-20 यूनिवर्सिटी कनेक्ट कार्यक्रम में आईआईटी जम्मू के डॉ. चेयरमैन शारद के सराफ और आईआईएम जम्मू के चेयरमैन डॉ. मिलिंद कंबल ने दी।
डॉ. शारद के सराफ ने कहा कि आयुर्वेद को बढ़ावा देना सभी संस्थानों की जिम्मेदारी है। डॉ. जहांगीर अली ने कहा कि कार्यक्रम में पर्यावरण समेत अन्य विभिन्न प्रकार के प्रकरणों पर चर्चा से श्रोता अधिक लाभान्वित हुए हैं। युवा अभिषेक ने कहा कि इनोवेशन की प्रक्रिया आगे बढ़ने बेरोजगारी दर कम हुआ है। इस अवसर पर आईआईटी जम्मू के निदेशक प्रो. मनोज गौड़, आईआईएम जम्मू के निदेशक प्रो. बीएस सहाय एम्स जम्मू के कार्यकारी निदेशक प्रो. शक्ति गुप्ता मौजूद रहे।
जी20 की अध्यक्षता का सार एक पृथ्वी, एक परिवार, एक भविष्य के विषय में सन्निहित
वक्ताओं ने कहा कि जी20 की अध्यक्षता का सार एक पृथ्वी, एक परिवार, एक भविष्य के विषय में सन्निहित है, जो प्राचीन संस्कृत लोकाचार वसुदेव कुटुम्बकम के अनुरूप है। जी20 की अध्यक्षता भी अमृतकाल की शुरुआत का प्रतीक है। उन्होंने आधिकारिक जी 20 संवाद मंच और वैश्विक व्यापार समुदाय के लिए नामित मुद्दों पर नीतियां तैयार करने का काम सौंपा गया है। उन्होंने सुझाव दिया कि बेहतर कल के लिए वैश्विक चुनौतियों पर बहस करें।