बारिश के दौरान मंगलवार सुबह रामबन के डिगडोल, गांगरू और पंथयाल में पहाड़ से पस्सियां गिरने पर करीब तीन घंटे तक राष्ट्रीय राजमार्ग बंद रहा। राजमार्ग बंद होने के दौरान रामबन से अमरनाथ यात्रा का जत्था होकर गुजर रहा था। राजमार्ग बंद होने पर अमरनाथ यात्रियों के वाहन बीच में फंस गए। प्रशासन व पुलिस ने तुरंत राजमार्ग को खुलवाने का काम शुरू कर दिया। तीन घंटे कड़ी मशक्कत करने के बाद राजमार्ग को खोल कर अमरनाथ यात्रा के जत्थे को घाटी की तरफ रवाना कर दिया।
जानकारी के अनुसार सुबह करीब नौ बजे उधमपुर से निकल कर अमरनाथ यात्रा का जत्था जब रामबन के डिगडोल, पंथयाल, गांगरू इलाके में पहुंचा तो अचानक पहाड़ से पत्थर व पस्सियां गिरने लगी। राजमार्ग पर तैनात सुरक्षा कर्मियों ने वाहनों को वहीं पर रोक दिया। जिन स्थानों पर पस्सियां गिर रही थीं, उसको खाली करा दिया गया। राजमार्ग के बंद होने पर रामबन के विभिन्न हिस्सों के केवल अमरनाथ यात्रियों के ही वाहन खड़े नजर आ रहे थे। वहीं प्रशासन ने फोर लेन राजमार्ग का निर्माण कर रही कंपनी को जल्द से जल्द राजमार्ग को खोलने का आदेश जारी कर दिया। आदेश मिलने के बाद कंपनी की मशीनरी ने भी पस्सियां व पत्थरों को हटा कर राजमार्ग को खोलने का काम शुरू कर दिया। वहीं लंबे इंतजार के बाद जब राजमार्ग नहीं खुला को यात्री भी परेशान होकर वाहनों से बाहर निकल आए।
पुलिस ने चिनैनी नाशरी टनल के पास भी कुछ अमरनाथ यात्रियों के वाहनों को रोक दिया। घंटों मशक्कत के बाद दोपहर करीब 12 बजे राजमार्ग को खोलने में कामयाबी मिली। राजमार्ग के खुलते ही पुलिस ने सबसे पहले अमरनाथ यात्रियों के वाहनों को घाटी की तरफ रवाना किया। जब वाहन चलने शुरू हुए तो देखते ही देखते जाम की स्थिति पैदा हो गई। जाम में अमरनाथ यात्रा कर वापस लौट रहे यात्रियों के भी वाहन फंसे गए। इसके दिन भर राजमार्ग पर वाहनों की आवाजाही प्रभावित रही।