आरएस पुरा। कश्मीर घाटी में गैर कश्मीरियों पर हो रहे आतंकवादी हमलों को लेकर संत व साधु समाज ने रोष जताते हुए इसे बंद कराने के साथ सुरक्षा मुहैया कराने की मांग की है। कस्बे में संत व साधु समाज ने बैठक कर उपराज्यपाल से मांग की है कि कश्मीर घाटी में रहने वाले गैर कश्मीरियों को जल्द से जल्द सुरक्षा प्रदान की जाए तथा जो आतंकवादी इन घटनाओं को अंजाम दे रहे हैं उनके खिलाफ कार्रवाई करने के लिए सुरक्षा बलों को छूट दी जानी चाहिए।
साधु समाज के राज्य अध्यक्ष दत्त गिरी, विनय मुनि, महंत राजेश बिट्टू, मोहन भारती सहित साधु समाज से जुड़े अन्य लोगों ने कहा कि कश्मीर में हो रही हिंदुओं तथा सिखों की हत्याओं से साधु समाज आहत है। कुछ दिनों के अंतराल में दूसरे राज्य के लोगों को मौत के घाट उतारा गया। कश्मीर में रहने वाले हिंदू तथा सिख परिवारों में दहशत फैलाई जा रही है। ताकि यह लोग यहां से चले जाएं। उन्होंने कहा कि साधु समाज इन लोगों के साथ खड़ा है। सरकार से मांग करता है कि इन लोगों को सुरक्षा प्रदान की जानी चाहिए और जो लोग धर्म के नाम पर दहशत फैला रहे हैं उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई हो। साधु-संतों ने कहा कि कश्मीर में वर्ष 1990 जैसे हालात बनाने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार को जल्द से जल्द इस दिशा में कदम उठाने की जरूरत है, नहीं तो साधु समाज सड़कों पर उतरने के लिए मजबूर होंगे। इस दौरान कई संत व साधु समाज के लोग उपस्थित थे।