कटड़ा। निर्माणाधीन रोपवे के मैटेरियल ले जाने की वजह से बुधवार को लगातार दूसरे दिन भी अर्द्धकुंवारी से भवन का नया मार्ग बैटरी कार व श्रद्धालुओं की आवाजाही के लिए बंद रहा। उधर, त्रिकुटा की पहाड़ियों पर धुंध रहने से हेलीकाप्टर सेवा भी प्रभावित रही। मूसलाधार बारिश से श्रद्धालुओं को ठंड का भी अहसास हुआ। श्रद्धालु गर्म कपड़े पहन कर भवन मार्ग पर आगे बढ़ते गए।
भवन से भैरो घाटी तक निर्माणाधीन रोपवे के मैटेरियल को ट्रांसपोर्ट से भवन तक ले जाने के लिए सुबह से ही अर्द्धकुंवारी से भवन तक के हिमकोटी मार्ग को बैटरी कार व यात्रियों की आवाजाही को बंद कर दिया गया था। यात्रा पुराने मार्ग अर्द्धकुंवारी सांझी छत्त व हाथी मत्था के रास्ते से ही जारी रही।
उधर, सुबह से त्रिकुटा पहाड़ियों पर धुंध रहने के कारण हेलीकाप्टर सेवा भी बंद रही। इससे आनलाइन बुकिंग करवा चुके यात्रियों को निराशा हाथ लगी। मजबूर होकर उन्हें घोड़े व पालकी का सहारा लेना पड़ा। बारिश के दौरान बनाए गए शेड से श्रद्धालुओं को बड़ी राहत मिली। वहीं ठंड की वजह से देर शाम के बाद कंबल स्टोर पर श्रद्धालुओं की लंबी लाइन देखी गई।