जम्मू। जम्मू और कश्मीर में 60 लाख की लागत से बीपीओ सेंटर खुलने जा रहे हैं। बीपीओ यानी बिजनेस प्रोसेसिंग आउटसोर्स सेंटरों के जरिये बेरोजगारों को रोजगार के अवसर मुहैया होने की संभावना है। इन सेंटरों के लिए फंड जम्मू-कश्मीर इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट फाइनेंस कारपोरेशन (जेकेआईडीएफसी) मुहैया करा रहा है। इस प्रस्ताव पर हाल ही में हुई कारपोरेशन की बैठक में मुहर लगी है।
बेरोजगारी प्रदेश के लिए एक बड़ा मसला है। प्रदेश में बेरोजगारों की तादाद करीब 80 हजार है। इसमें हाईस्कूल पास, इंटर पास, ग्रेजुएट, आईटीआई डिप्लोमा होल्डर, पीजी डिप्लोमा प्राप्त और पीजी किए हुए सभी तरह के छात्र शामिल हैं। करोड़ों के खर्च के बावजूद इंप्लायमेंट डिपार्टमेंट बेरोजगारों का पंजीकरण करने के बावजूद अभी तक रोजगार मुहैया कराने में सक्षम नहीं रहा है। दूसरे, राज्य की भौगोलिक परिस्थितियों के मद्देनजर यहां उद्योगों की संख्या भी ज्यादा नहीं। मैन्युफैक्चरिंग इंडस्ट्री की संख्या तो न के बराबर है। ऐसे में बीपीओ सेंटर उनके लिए एक बेहतर कदम साबित होंगे। पहले चरण में जम्मू और कश्मीर में यह सेंटर खुलेंगे।