हुर्रियत कांफ्रेंस के नेता मसर्रत आलम बट को हाल ही में लगभग साढ़े चार साल के बाद जेल से रिहा किया गया। लेकिन अब ऐसा लग रहा है कि अलगाववादी नेता मसर्रत आलम की दोबारा गिरफ्तारी की प्रकिया शुरू होगी।
गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि उसकी रिहाई के लिए पिछली सरकार जिम्मेदार थी। गृह मंत्रालय ने जम्मू कश्मीर सरकार को आदेश दिए है कि सरकार आलम और हुर्रियत नेताओं पर 24 घंटे कड़ी नजर रखे।
राज्यसभा में राजनाथ सिंह ने साथ में यह भी कहा गया है कि जम्मू कश्मीर सरकार आलम के खिलाफ पहले लंबित केसों को फिर से खोलने के आदेश दिए गए है। गृहमंत्री के एडवाइजरी नोट्स कहा गया है कि मसर्रत के खिलाफ देशद्रोह समेत 27 मामले चल रहे हैं।
राजनाथ सिंह ने राज्यसभा में दोबारा बयान देते हुए कहा, 'राज्य सरकार से दोबारा जानकारी मांगी गई है।' सिंह ने कहा, 'मसरत पर 27 क्रिमिनल केस चल रहे हैं, रिहा करते वक्त इन मामलों को ध्यान में रखा जाना चाहिए था।'