जम्मू। शहर को स्मार्ट बनाने का दावा करने वाली कंपनी आए दिन अपनी लापरवाही से चर्चा में रहती है। परियोजनाओं में देरी हो या खुद की किताब में विकास। डेडलाइन तो ऐसे आगे बढ़ा दी जाती है जैसे मामूली सी बात हो। अब 23 जंक्शन में सुधार की परियोजना में देरी संबंधित अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर बड़े सवाल खड़े कर रही है। निर्धारित 18 माह बीतने के बाद भी 40 फीसदी तक काम ही हो पाया है। परियोजना को 31 जनवरी में पूरा करने का लक्ष्य था। मगर अब तक काम मंद गति से चल रहा है। इस कारण डेडलाइन को दिसंबर तक बढ़ा दिया है।
स्मार्ट सिटी कंपनी ने 32 करोड़ की परियोजना पर काम जून 2021 में आरंभ किया था और हालात ऐसे हैं कि आधे से भी कम काम हो सका। टेंडर प्रक्रिया भी समय पर सिरे नहीं चढ़ पाई। अब अधिकांश जगहों में एक साथ काम करवाया जाएगा और लोगों को आधुनिक सुविधाएं दी जाएंगी। इसके लिए टेंडर प्रक्रिया पूरी कर ली गई है।
ऐसे बदलनी है तस्वीर
परियोजना के तहत जंक्शन में सुधार करने के बाद जगह को नई पहचान मिलनी है। सबसे बड़ा लाभ यह होना है कि चौकों के आसपास विकास होगा। यहां पर पहले की अपेक्षा बेहतर सुविधाएं मिलेंगी। बस और मेटाडोर स्टैंड होंगे। इसके अलावा पुलिस स्मार्ट बूथ भी स्थापित किए जाएंगे। स्मार्ट सिटी कंपनी के अनुसार दिसंबर तक काम को हर हाल में पूरा किया जाना है। साथ ही जंक्शन के आसपास की जगह सीसीटीवी कैमरों की निगरानी में रहेगी।
ये होने हैं काम
कर्ब स्टोन से फुटपाथ, पिक एंड ड्राप, लाइटिंग मेटाडोर, बस स्टैंड, नालियों का निर्माण, टायलेट, स्मार्ट बूथ सहित अन्य काम।
यहां बनने हैं जंक्शन
शंकुतला, सतवारी, मियां डिडो, कर्ण नगर, सीपीओ, प्रेम नगर, गुज्जर नगर, विवेकानंद चौक, इंदिरा, डीसी ऑफिस रोड, अप्पर मुट्ठी, जेके बैंक, पावर ग्रिड, जीवन नगर।
जंक्शन में सुधार पर काम तेज गति से चल रहा है। दिसंबर तक पूरा किया जाएगा। लोगों को बेहतर सुविधाएं मिल सकेंगी।
- सुनील ठुस्सू, परियोजना निदेशक, स्मार्ट सिटी