कठुआ। सरकार द्वारा शोपियां में सैन्य जवानों पर एफआईआर दर्ज करने के विरोध में सेवानिवृत्त सैनिकाें ने बुधवार को सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने सरकार पर सेना का मनोबल कम करने का आरोप लगाया और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि सरकार सेना का मनोबल कम करने की कोशिश कर रही है और ऐसे में सरकार को इस एफआईआर को रद्द करना होगा। प्रदर्शन में शामिल ज्ञान सिंह पठानिया, जाट राम शर्मा आदि ने कहा कि सेना के जवानों पर सरकार ने बिना सोचे समझे एफआईआर दर्ज करने के आदेश जारी कर दिए, लेकिन एक बार भी नहीं सोचा कि आखिर सेना के जवानों को गोली चलाने पर मजबूर क्याें होना पड़ा।
सरकार को पत्थरबाजों का ही ख्याल है, लेकिन सैनिकों के खिलाफ मामला दर्ज कर सरकार सेना का मनोबल कम कर देश विरोधी ताकतों को बढ़ावा दे रही है।उन्होंने कहा कि सरकार देश विरोधी ताकतों को बढ़ावा देकर कश्मीर के हालात खराब ही रखना चाहती है और अपने राजनीतिक स्वार्थ के लिए वह केवल एक दूसरे को लड़ाने का काम कर रही है।
उन्होंने कहा कि सरकार का कोई भी मंत्री या विधायक एक मिनट भी पत्थरबाजों का सामना नहीं कर सकता। उसके बाद अपने मन में अपने बचाव के लिए उनके पास क्या उपाए है। उसके बारे में बताएं, अगर उन्होंने भी हाथ में पत्थर उठाने और गोली चलाने का ख्याल न आए तो फिर कहें।