हीरानगर। क्षेत्र में बढ़ रही नशाखोरी के चंगुल में नौजवानों को फंसता देख अब लोग इसके खिलाफ सड़क पर उतरने लगे हैं। लोगों का कहना है कि प्रशासन ने इस मामले में भले ही अपनी आंखें मूंद रखी हैं, लेकिन वे अपनी आंखों के सामने अपने बच्चों को नशे का शिकार नहीं बनने देंगे।
शुक्रवार को सामाजिक इंसाफ मंच के बैनर तले नौजवानों ने दियालाचक में नशा विरोधी रैली निकालने के बाद लोगों ने गाड़ियों को बिना रोके हाईवे पर धरना दिया। रैली में नौजवानों के अलावा छोटे बच्चे भी शामिल हुए। मंच के अध्यक्ष बीएल कांडले ने कहा कि हीरानगर सब डिवीजन के कई इलाकों में नशे का व्यापार हो रहा है। नशे का गोरखधंधा करने वाले नौजवानों के बाद अब बच्चों को भी अपना शिकार बनाना शुरू दिए हैं। पुलिस प्रशासन समय पर नहीं जागा तो हमारे बच्चों को नशा निगल जाएगा। उन्होंने कहा कि कुछ नौजवानों से यह जानकारी मिली है कि हमारे कई इलाकों में चिट्टा, चरस, नशीले कैप्सूल बेचने वाला गिरोह पूरी तरह सक्रिय है। पहले से जो नौजवान नशे के आदी हो चुके हैं, वे अपनी जरूरत पूरी करने के लिए अपने दूसरे साथियों को अपना ग्राहक बनाते हैं। यह धंधा पंजाब से शुरू हो कर कठुआ से होते हुए अब हीरानगर में भी पैर पसार चुका है। हम अपने बच्चों को इसका शिकार नहीं होने देंगे। नशाखोरी का डटकर मुकाबला करेंगे और जो भी इनके पीछे है उसे बेनकाब करके ही दम लेंगे। हम प्रशासन से अनुरोध करते हैं कि वह समाज को नशा मुक्त बनाने में हमारा सहयोग करे। अगर पुलिस प्रशासन नशा व्यापारियों को तलाशने या पकड़ने में हमारे सहयोग जरूरत महसूस करती है तो हम सहयोग करने के लिए तैयार हैं। कांग्रेस के लोकसभा क्षेत्र महासचिव चौधरी स्वर्ण सिंह ने कहा कि छोटे-छोटे बच्चों को नशा बेचने वाले अपना ग्राहक बना रहे हैं। बहुत कम समय में हमारे इलाके में यह धंधा तेजी से फैला है। नशाखोर अपने चंद ठिकानों पर नौजवानों और बच्चों को बुलाते हैं और नशीले पदार्थ बेच कर निकल जाते हैं। हम लोगों से अपील करते हैं कि आने वाली नस्ल को बचाने के लिए सब लोग एकजुट होकर सामने आएं। मंच ने चेतावनी दी कि अगर पुलिस ने नशे का व्यापार करने वालों पर लगाम नहीं कसी तो धरने प्रदर्शन का सिलसिला जारी रहेगा। सुरेश कुमार, अनिल शर्मा, अर्जुन जाट, केवल शर्मा, अंकुश, विशाल आदि धरने में उपस्थित रहे।