स्थायी नौकरी देने की मांग के समर्थन में कांट्रैक्चुअल शिक्षकों की रविवार को घग्वाल में बैठक हुई। बैठक की अध्यक्षता कांट्रैक्चुअल शिक्षकों के संगठन के जिला प्रधान भूपिंदर चौधरी ने की। प्रांतीय प्रधान बलबिंदर सिंह मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहे।
बैठक में जिला भर के कांट्रैक्चुअल शिक्षकों ने भाग लिया। प्रांतीय प्रधान ने कहा कि शिक्षा विभाग ने 8500 कांट्रैक्चुअल शिक्षकों की नियुक्ति मेरिट के आधार पर की थी। अब सुनने में आ रहा है कि राज्य सरकार में इन्हें निकाले जाने की बात चल रही है। इससे कांट्रैक्चुअल शिक्षकों में रोष पनप रहा है। उन्होंने कहा कि कांट्रैक्चुअल शिक्षक नौ फरवरी को डिवकाम कार्यालय में पहुंचकर प्रदर्शन करेंगे।
भूपिंदर चौधरी ने राज्य सरकार से मांग की है कि कांट्रैक्चुअल शिक्षकों के लिए राज्य सरकार कोई योजना बनाए जैसी 2006 में बनाई गई थी। उन्होंने मांग की कि सरकार एसआरओ 225 के तहत कांट्रैक्चुअल शिक्षकों को स्थायी करे।
रमेश सिंह, तनम दुबे, अमित कुमार, साधना, मोनिका और हरदेव आदि ने राज्यपाल से अपील की है कि वह कांट्रैक्चुअल शिक्षकों की मांग की ओर ध्यान दें। उन्हें प्राथमिकता के तौर पर स्थायी किया जाए।
उन्होंने कहा कि बीएड और एमएड के बाद ही उन्हें कंट्रैक्ट पर नियुक्त किया गया है। ऐसे में मांग पर गौर किया जाए और शीघ्र ही स्थायी करने का फैसला लिया जाए।