-शिक्षा विभाग ने मंगलवार के लिए भी स्कूलों को बंद रखने का किया एलान
संवाद न्यूज एजेंसी
उधमपुर। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक रविवार रात के बाद सोमवार को भी दिनभर रुक-रुककर बारिश का सिलसिला जारी रहा। 56 घंटे के मौसमी अलर्ट के पहले दिन जिले में छिटपुट घटनाओं को छोड़कर सब ठीक रहा। लोग पहले से सतर्क थे। खतरा अभी भी बरकरार है। मंगलवार को भी सभी स्कूल बंद रहेंगे।
सोमवार को स्कूल बंद रहने से बच्चे भी घरों के भीतर ही दुबके रहे। जरूरी कामों के लिए घरों से निकले लोग भी जल्दी से अपना काम निपटाने के बाद घरों को लौट गए। उधर प्रशासन ने भी मौसमी हालात पर लगातार बनाए रखी। फिलहाल मौसमी अलर्ट के पहले रूक- रूककर बारिश होने के चलते कई लिंक मार्गों पर पस्सियां गिरने, वाहनों की आवाजाही प्रभावित होने और नदी-नालोें का जलस्तर बढ़ने का सिलसिला तो जारी रहा लेकिन किसी तरह की कोई अप्रिय घटना सामने नहीं आने से राहत मिली रही।
छिटपुट घटनाओं में ब्लाॅक घोरड़ी के लंगा क्षेत्र में देर रात भूस्खलन होने के कारण सड़क पर वाहनों की आवाजाही अवरूद्ध हो गई। सड़क पर मलबे के साथ एक भारी पेड़ पर भी जड़ से उखड़ कर सड़क के बीचोबीच आ गिरा था जिसके चलते दोपहिया वाहनों के पहिए भी थम गए। लोगों ने तत्काल इसकी सूचना संबंधित विभाग को दी और स्वयं भी पेड़ को काटकर हटाने के प्रयास में जुट गए। करीब एक घंटे की कडी मशक्कत के पेड़ को टुकडों में काटकर सड़क के किनारे किया। इसके बाद वाहनों की आवाजाही बहाल हो सकी।
बाद में विभागीय टीम ने भी मौके पर पहुंचकर मलबे हटाने का काम पूरा कर आवाजाही को लेकर पेश आ रही समस्या को दूर किया। उधर रामनगर के निंबला में उधमपुर मार्ग के नीचे की जमीन धसक गई। हालांकि इससे वाहनों की आवाजाही को लेकर किसी तरह का प्रभाव नहीं पड़ा है लेकिन जल्द मरम्मत नहीं होने पर सड़क धसने का खतरा पैदा हो गया है।
जखैनी के शारदा माता इलाके में पस्सी गिरने से एक लेन पर आवाजाही बंद
दूसरी घटना में बारिश के चलते सोमवार सुबह जम्मू श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग पर उधमपुर के नजदीक जखैनी के शारदा माता इलाके में पस्सी गिरने से एक लेन की आवाजाही बंद हो गई। सूचना मिलने के तत्काल बाद राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण की क्विक रिस्पांस टीम ने जेसीबी और टिप्परों के साथ मौके पर पहुंचकर मोर्चा संभाला और लगभग आधे घंटे में हाईवे पर गिरे मलबे को हटाकर यातायात को बहाल कर दिया। अधिकारियों ने कहा कि मौसमी अलर्ट के चलते हाईवे पर भी इस तरह की घटनाओं में तत्काल राहत के लिए निगरानी बढ़ा दी गई है और जगह-जगह मैन पावर के साथ मशीनरी को तैनात रखा गया है।
कच्चे घरों के लिए खतरा
बारिश के दौरान कच्चे घरों के गिरने का खतरा फिलहाल बरकरार है। जिला के कई ग्रामीण इलाकों में बीते कुछ दिनों से हो रही बारिश से कच्चे घरों को नुकसान भी हुआ है। पखलाई, लाड़, सुलगार, घाेरडी पश्चिम पंचायत से इसके कुछ मामले भी रिपोर्ट किए गए हैं। फिलहाल बारिश का अलर्ट अभी जारी है और प्रशासन ने खासतौर पर कच्चे मकानों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की हिदायत दी है।
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गौरतलब है कि मौसम विभाग की तरफ से रविवार से जम्मू संभाग में 56 घंटाें का अलर्ट जारी किया गया है इसमें बताया गया है कि इस समयावधि के दौरान अन्य जिलों की तरह उधमपुर जिला में भी कई जगहों पर भारी से भारी बारिश और बाढ़ जैसे हालात बनने का खतरा है। इसको लेकर प्रशासन की तरफ से भी जिला वासियों के लिए चेतावनी की एडवाइजरी जारी की गई है और इसमें लोगों से सतर्क रहने, नदी नालों, बाढ़ और भूस्खलन की आशंकाओं वाले स्थानों से दूर रहने, गैर जरूरी यात्राओं को टालने इत्यादि की सलाह दी गई है। सोमवार के लिए स्कूल शिक्षा विभाग की तरफ से भी स्कूलों को बंद रखने का आदेश जारी किया गया था, जिसे अब मंगलवार तक के लिए बढ़ा दिया गया है। शिक्षा विभाग की तरफ से जारी इस आदेश के मुताबिक अब मंगलवार को भी सभी सरकारी और गैर सरकारी स्कूल बंद रहेंगे।