उधमपुर। नगर परिषद की तरफ से शुरू किया गया शिकायत प्रकोष्ठ लोगों के लिए वरदान साबित हुआ है। यहां लोगों की समस्याओं का तुरंत समाधान हो रहा है।
नगर परिषद उधमपुर की ओर से लगभग पांच किलोमीटर के दायरे में फैले अपने क्षेत्राधिकार में करीब डेढ़ लाख से अधिक आबादी के लिए हाल ही में शुरू गई यह अपनी तरह की एक अनूठी पहल है। इससे शहर के लोगों को अपनी छोटी-छोटी समस्याओं के लिए परिषद कार्यालय के चक्कर लगाने से राहत मिल रही है। इस सुविधा के लिए परिषद ने अपने कार्यालय में एक शिकायत प्रकोष्ठ सह कॉल सेंटर स्थापित किया है, जहां एक कर्मचारी जनता से कॉल प्राप्त करता है। शिकायतें दर्ज करता है और उन्हें संबंधित अधिकारियों को अग्रेषित करता है।
इस सुविधा के मिलने से लोग नगर परिषद के कार्यालय के चक्कर लगाए बिना प्रकोष्ठ सेल के नंबर पर कॉल कर अपनी समस्या को दर्ज करवाते हैं और 24 से 48 घंटे के भीतर घर बैठे ही अपनी समस्या का समाधान भी पाते हैं। नगर परिषद की तरफ से शुरू की गई इस पहल से शहरवासी काफी खुश हैं और जनसमस्याओं का तत्काल निवारण मिलने से काफी राहत भी महसूस कर रहे हैं।
नगर परिषद के अधिकारियों का कहना है कि कॉल सेंटर में कचरा निपटान, नाली की रुकावट, लावारिस जानवरों के शव उठाने, यातायात की भीड़, घर-घर जाकर कचरा संग्रहण, भवन निर्माण की अनुमति और अन्य समस्याओं का समाधान किया जाता है। छोटी-मोटी समस्याओं का समाधान 24 घंटे के भीतर हो जाता है, जबकि बड़ी समस्याओं के समाधान में 48 घंटे लगते हैं। इस साल स्थापना के बाद से शिकायत प्रकोष्ठ में शहर के विभिन्न 21 वार्डों के अलग-अलग इलाकों से बीते दो महीनों के भीतर 200 के आसपास शिकायतें दर्ज की गई हैं। इनमें से अधिकतर का 24 से 48 घंटों के भीतर निपटान भी कर दिया गया है। स्ट्रीट लाइटों की खराबी की करीब 48 शिकायतें अभी शेष हैं, जिनका स्ट्रीट लाइटों की अनुपलब्धता के कारण समाधान नहीं हो पाया है। इस संबंध में दर्ज शिकायतों का भी जल्द से जल्द समाधान का प्रयास जारी है।
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नगर परिषद की ओर से शुरू की गई शिकायत सेल की सुविधा काफी सराहनीय है। इसमें आसानी से शिकायत दर्ज करने की सुविधा मिलने के साथ ही 24 से 48 घंटे के भीतर समाधान भी मिल रहा है। इससे लोगों का कार्यालय में चक्कर लगाने से होने वाले समय की बर्बादी से भी राहत मिली है। गली में सीवरेज के रिसाव की समस्या थी। शिकायत करने के बाद तत्काल समाधान मिला है।
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ऋषि मल्होत्रा, वार्ड 5
पहले समस्या को लेकर कार्यालयों में जाना पड़ता था अथवा अधिकारियों को फोन पर पूरी समस्या और लोकेशन के बारे में जानकारी देनी पड़ती थी। इसमें समय की काफी बर्बादी होती थी लेकिन अब शिकायत सेल के व्हाॅटसएप नंबर पर समस्या का फोटो खींच के डालों और लोकेशन के साथ नाम पता डालकर भेज दो, समस्या का चंद घंटों में समाधान कर दिया जाता है। स्वच्छता की समस्या थी, अच्छा रिस्पांस मिला है।
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अंकित शर्मा, वार्ड 1
नगर परिषद की ओर से शुरू की गई इस तत्काल रिस्पांस सुविधा से न सिर्फ समस्याओं का जल्द समाधान मिल रहा है, बल्कि लोगों को कार्यालय में चक्कर लगाने से पेश आने वाली परेशानी से भी राहत मिल रही है। नगर परिषद को इस शिकायत सेल को और भी अधिक विस्तार देना चाहिए। यह एक बहुत ही बढि़या पहल है। मोहल्ले में नाली की ब्लाॅकेज की समस्या थी। शिकायत के 24 घंटे के भीतर समाधान हो गया।
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विजय शर्मा, वार्ड 4
आज के समय में इस तरह की नवाचार सुविधाओं की काफी जरूरत है। यह एक काफी एडवांस पहल है। इससे शहरवासियों का काफी राहत मिल रही है। सार्वजनिक सेवाओं से संबंधित अन्य विभागों में इस तरह के शिकायत प्रकोष्ठ शुरू करने चाहिए। मोहल्ले में कचरे की समस्या परेशान कर रही थी लेकिन अब एक काॅल पर नगर परिषद की टीम आकर समाधान कर देती है।
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जुगल किशोर, वार्ड 2
इस संदर्भ में नगर परिषद के
मुख्य कार्यकारी अधिकारी राजिंदर डिंगरा
ने बताया कि कार्यभार संभालने के बाद वह प्रक्रिया को सुव्यवस्थित करना चाहते थे ताकि लोगों को उनकी जरूरत की सेवाएं आसानी से मिल सकें, इसलिए उन्होंने कार्यालय में एक कॉल सेंटर स्थापित करने के बारे में सोचा और उधमपुर की डिप्टी कमिश्नर सलोनी राय से इस बारे में चर्चा की। उन्होंने इसे हरी झंडी दे दी। उन्होंने कहा कि यह पहल जम्मू-कश्मीर में नगर परिषद में शायद अपनी तरह की पहली पहल है, जहां न केवल शिकायतें दर्ज की जाती हैं, बल्कि कार्रवाई भी सुनिश्चित की जाती है और शिकायतकर्ताओं से फीडबैक भी मांगा जाता है।