प्रसिद्ध पर्यटन स्थल पत्नीटाप इन दिनों मंदी की मार झेल रहा है। सितंबर में आई बाढ़ के बाद पत्नीटाप में ज्यादा सैलानी तो नहीं पहुंच सके, लेकिन इन दिनों देश के विभिन्न राज्यों के सैलानी फोन के जरिये यहां के मौसम का हाल जरूर जान रहे हैं।
एक ओर जहां अभी तक बारिश नहीं हो सकी है, वहीं सैलानियों को पहली बर्फ का इंतजार है। पत्नीटाप के कारोबारियों की नजरें भी आसमान पर टिकी हुई हैं। पत्नीटाप में इन दिनों पंद्रह से बीस प्रतिशत सैलानी ही पहुंच पा रहे हैं।
होटल मैनेजर रंगील सिंह, राजेश ठाकुर ने कहा कि हर रोज देश के विभिन्न राज्यों के सैलानी पत्नीटाप में बर्फ के बारे में पूछ रहे हैं। उन्होंने कहा कि जम्मू-कश्मीर में बाढ़ के बाद पत्नीटाप में भी भारी असर पड़ा था। पिछले कई दिन पहले फिर काम में हल्का उछाल हुआ, लेकिन घाटी में आतंकी घटनाओं के बाद फिर व्यापार पर असर पड़ा है।
उन्होंने कहा कि क्रिसमस की छुट्टियों के मद्देनजर कुछ सैलानियों ने एडवांस बुकिंग करवाई है, लेकिन हर किसी को इंतजार है तो बर्फबारी का। गौरतलब है कि पत्नीटाप की हसीन वादियों में श्रीमाता वैष्णो देवी दर्शनार्थी और नवजोड़े भी आते हैं, जबकि कई पर्यटक मित्रों संग यहां आते हैं।
इन दिनों नत्थाटाप होता था बर्फ से गुलजार
बारिश नहीं होने से चिनैनी तहसील की ऊंची पर्वतीय शृंखलाएं भी वीरान नजर आ रही है। दिसंबर का दूसरा सप्ताह चल रहा है, लेकिन नत्थाटाप, जुगधार, शिवगढ़ धार, स्योजधार की ऊंची पहाड़ियां वीरान नजर आ रही है। इन ऊंची चोटियों पर नवंबर में ही हिमपात हो जाता था, लेकिन इस बार बारिश न होने से यह पर्वत भी बर्फ की सफेद चादर का इंतजार कर रहे हैं।
तापमान में हो रही है लगातार गिरावट
पत्नीटाप के तापमान में दिन ब दिन गिरावट दर्ज की जा रही है। सुबह और शाम को मौसम काफी ठंडा हो रहा है। जबकि दोपहर के समय सूर्यदेव की तपिश से सैलानी राहत पा रहे हैं। बताया जा रहा है कि सुबह का मौसम छह डिग्री सेल्सियस तक पहुंच रहा है तो शाम को तापमान माइनस में जा रहा है। यदि पत्नीटाप में बारिश होती है तो बर्फ गिरने की भी संभावना है।