तीन दिवसीय वार्षिक भंडारा आज होंगे संपन्न, भवन परिसर मां वैष्णो के साथ भोले के जयकारों से गूंजा
कटड़ा। महाशिवरात्रि पर धर्मनगरी बम भोले के जयघोष से गूंज उठी। रविवार तड़के से ही श्रद्धालुओं की भीड़ विभिन्न मंदिरों में लग गई। भवन परिसर में प्राचीन शिव गुफा में भक्तों ने मां वैष्णो देवी के दर्शन के साथ भगवान भोलेनाथ की आराधना कर मनोकामना मांगीं।
शिव दर्शन मंदिर, रघुनाथ मंदिर, टी-गार्डन मंदिर, बिजली घर मंदिर, नौ देवियां, ड्डूरा मंदिर और गांव लेहनू स्थित आप शंभू मंदि में दिनभर श्रद्धालुओं की कतारें लगी रहीं। भक्तों ने गंगाजल, दूध, दही, शहद, बेलपत्र, भांग, धतूरा, फल-फूल आदि अर्पित कर जलाभिषेक और रुद्राभिषेक किया। विशेष पूजा-अर्चना, भजन-कीर्तन और शिव विवाह की स्तुति पढ़ी गई, जिससे वातावरण भक्तिमय बना रहा। विशेष आकर्षण का केंद्र बाबा धनसर धाम रहा, जहां करीब 25 हजार श्रद्धालुओं ने हाजिरी लगाई।
पवित्र झील परिसर में शिवलिंग को भव्य रूप से सजाया गया। जबकि शिव-पार्वती की झांकी ने श्रद्धालुओं को मन मोह लिया। बाबा धनसर मंडली द्वारा तीन दिवसीय वार्षिक भंडारा लगाया गया जो 16 फरवरी तक चलेगा। 24 घंटे संचालित लंगर में चाय, दूध, दही और भोजन मिल रहा है। मंडली के सदस्य भूषण कुमार, रवि नाग, रविंद्र शर्मा, गोपाल पादा, पप्पू पराशर, राकेश अरोड़ा, भारत सादोत्रा, पंडित देवदत्त ने बताया कि 1978 में बुजुर्गों द्वारा शुरू की गई सेवा परंपरा आज भी जारी है।
प्रशासन की ओर से सुरक्षा, भीड़ प्रबंधन और यातायात के इंतजाम किए गए। संवेदनशील स्थलों पर पुलिस तैनात रही और सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से निगरानी की गई, जिससे पर्व दिनभर जयकारों और घंटानाद से गूंजता रहा।