कटड़ा। श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड ऑर्चरी अकादमी ने एक बार फिर पैरा तीरंदाजी में अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई है। हरियाणा के सोनीपत में आयोजित चयन ट्रायल्स में देशभर से 50 पैरा तीरंदाजों ने भाग लिया। इनमें 20 लड़कियां और 30 लड़के शामिल थे। इन ट्रायल्स के आधार पर जून 2026 में चेक गणराज्य में आयोजित होने वाली पैरा आर्चरी वर्ल्ड रैंकिंग प्रतियोगिता और सितंबर 2026 में जापान में होने वाले पैरा एशियन गेम्स के लिए भारतीय टीम का चयन किया गया।
श्राइन बोर्ड आर्चरी अकादमी की खिलाड़ी शीतल देवी और पायल नाग का चयन कंपाउंड महिला टीम के लिए हुआ है। खास बात यह है कि दोनों खिलाड़ी जमीनी स्तर से लेकर अंतरराष्ट्रीय मंच तक का सफर इसी अकादमी में प्रशिक्षण प्राप्त करते हुए तय कर रही हैं। इससे पहले अकादमी की खिलाड़ी ज्योति भी अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में भारत का प्रतिनिधित्व कर चुकी हैं।
अकादमी की उपलब्धियों का सिलसिला वर्ष 2018 से लगातार जारी है। वर्ष 2018 में राकेश कुमार और ज्योति ने भारत का प्रतिनिधित्व कर अकादमी को नई पहचान दिलाई। इसके बाद वर्ष 2023 में राकेश कुमार ने स्वर्ण पदक जीतकर देश का गौरव बढ़ाया जबकि शीतल देवी ने रजत पदक अपने नाम किया। उसी वर्ष ज्योति ने भी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर शानदार प्रदर्शन कर भारत का प्रतिनिधित्व किया। अब वर्ष 2026 में पायल नाग के चयन ने अकादमी की सफलता में एक और अध्याय जोड़ दिया है। श्राइन बोर्ड आर्चरी अकादमी की कोच अभिलाषा चौधरी ने कहा कि यह सफलता खिलाड़ियों की मेहनत, अनुशासन और निरंतर अभ्यास का परिणाम है।