फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बच्चों की मौत मामलाः उधमपुर में दवा दुकानों में दबिश

विज्ञापन
उधमपुर में दवा दुकान का निरीक्षण करती संयुक्त टीम। संवाद - फोटो : UDHAMPUR
विज्ञापन
उधमपुर। रामनगर में बच्चों की मौत मामले में प्रतिबंधित दवाई के स्टाक के बारे में पता लगाने को लेकर जिला प्रशासन, पुलिस और स्वास्थ्य विभाग सख्त हो गया है। इसी कड़ी में रामनगर, पंचैरी और मजालता के बाद रविवार को संयुक्त टीम ने देविकानगरी की दवा दुकानों में दबिश दी। वहीं, दवा दुकानाें के मालिकों को प्रतिबंधित दवाई नहीं बेचने के सख्त निर्देश दिए। वहीं, बेचने की सूरत में सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी। स्टोर में मास्क और सेनिटाइजर तय दाम पर बेचने को कहा। अगर एमआरपी के ज्यादा दाम में बेचते हुए पाया गया तो उसके खिलाफ कार्रवाई होगी।
विज्ञापन

गौरतलब है कि कुछ महीने पहले रामनगर तहसील में कोल्ड बेस्ट पीसी ब्रांड की सिरप पीने से रामनगर में कई बच्चों की मौत हो गई थी। पहले तो बच्चों की मौत का कारण किसी अज्ञात बीमारी को माना गया, लेकिन जब राष्ट्रीय स्तर की टीम ने मौके पर पहुंच कर जांच की और दवाओं के सैंपल जांच के लिए भेजे गए तो पता चला था कि बच्चों की मौत कोल्ड बेस्ट पीसी ब्रांड की सिरप पीने से हुई थी। इसके बाद तुरंत कार्रवाई करते हुए दवा कंपनी को बंद करवा दिया गया था। लेकिन इसको लेकर अब प्रशासन सतर्क हो चुका है। प्रशासन केे लगता है कि अगर जिले में किसी दुकान में इस दवा का स्टाक मौजूद है और इसको बेचा जाता है तो और नुकसान हो सकता है। इसलिए प्रशासन इसका पता चलाने के लिए प्रशासन, पुलिस व स्वास्थ्य विभाग की टीम को कार्रवाई करने के लिए निर्देश दिए हैं। अभी तक रामनगर, पंचैरी, मजालता में दबिश दी जा चुकी है। रविवार को टीम ने उधमपुर शहर के बाजार में दबिश दी।
टीम में शामिल एडीसी अशोक कुमार, सीएमओ डॉ. केसी डोगरा, डीएमओ डॉ. मोहम्मद यासीन, तहसीलदार मोहित गुप्ता, नायब तहसीदार और पुलिस के अधिकारियों ने गोल मार्केट, मुखर्जी बाजार, कोर्ट रोड, अस्पताल रोड व अन्य कई स्थानों पर जाकर मेडिकल स्टोर की जांच की। हालांकि किसी भी मेडिकल स्टोर में प्रतिबंधित दवा नहीं मिली। मगर स्टोर के मालिकों को सख्त निर्देश दिए हैं कि कोई भी प्रतिबंधित दवाओं को बेचने का प्रयास न करे। जो भी ऐसा करता हुआ पाया जाता है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावा दुकानों में कोई भी एक्सपाइरी तारीख की दवा न रखे। अगर है तो तुरंत उसको नष्ट कर दे। टीम ने मेडिकल स्टोर के मालिकों से कहा कि मौजूदा समय में कोरोना वायरस को लेकर मास्क व सेनिटाइजर की जबरदस्त मांग बढ़ी है और कोई भी इसका फायदा उठाते हुए एमआरपी से अधिक दाम न वसूले।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें