उधमपुर। मरम्मत के कार्य के चलते बंद किया गया जम्मू-श्रीनगर राजमार्ग शनिवार दोपहर को डेढ़ बजे यातायात के लिए खोल दिया गया। पुलिस ने सबसे पहले दोनों तरफ फंसे यात्री वाहनों को निकाला। इसके बाद श्रीनगर से जम्मू की तरफ वाहनों को रवाना किया गया। वहीं, उधमपुर में रोके गए ट्रकों को दूसरे दिन भी घाटी जाने की अनुमति नहीं मिली।
शुक्रवार को राजमार्ग के मरम्मत के कार्य के चलते बंद रखा गया था। इस दौरान रामबन के विभिन्न हिस्सों के साथ उधमपुर के समरोली में राजमार्ग की मरम्मत का कार्य किया गया। उधमपुर में सैकड़ों ट्रकों के साथ यात्री वाहनों को रोका गया था। शुक्रवार शाम को समरोली में मरम्मत के दौरान जब पहाड़ की कटाई की गई तो अचानक से पस्सी राजमार्ग पर गिरने लगी। इसके बाद लगातार मलबा गिरता रहा। कई बार प्रयास करने के बाद पस्सी गिरना बंद नहीं हुआ तो देर रात को शनिवार को भी राजमार्ग को बंद कर दिया गया। शनिवार सुबह फोरलेन राजमार्ग का निर्माण कंपनी ने मरम्मत का कार्य शुरू किया और घंटों मशक्कत करने के बाद दोपहर डेढ़ बजे राजमार्ग को खोलने में कामयाबी मिली। सबसे पहले पुलिस ने दोनों तरफ फंसे स्थानीय निवासियों के साथ यात्री वाहनों को जम्मू और श्रीनगर की तरफ रवाना किया। कुछ समय बाद उधमपुर में रोके गए यात्री वाहनों को भी घाटी की तरफ जाने की अनुमति दे दी गई, लेकिन ट्रकों को घाटी जाने के लिए अनुमति नहीं मिली।
राजमार्ग खुलने पर यात्रियों ने भी राहत की सांस ली। ट्रकों को अभी भी उधमपुर के विभिन्न हिस्सों में रोक कर रखा गया है। राजमार्ग के बंद होने पर डोडा, किश्तवाड़, रामबन, पटनीटाप, भद्रवाह, चिनैनी व अन्य कई रूट पर चलने वाले वाहनों की आवाजाही दोपहर तक प्रभावित रही। पुलिस का कहना है कि हालात का जायजा लेने के बाद रविवार को इनको घाटी की तरफ रवाना किया जा सकता है। वहीं दूसरे दिन भी रोके जाने पर चालक दिन भर परेशान रहे।