विद्यार्थी क्षतिग्रस्त हुए कमरों में पढ़ाई करने को मजबूर
संवाद न्यूज एजेंसी
उधमपुर। सरकारी हाई स्कूल खिमती लड्डा में 2010 में स्कूल की इमारत बनाने के लिए सरकार ने 39.91 लाख की राशि दी थी। इसके चलते स्कूल की इमारत बनाने का निर्माण कार्य शुरू किया गया। इसमें नींव बनाने में 22.80 लाख खर्च हो गए थे। बाकी बचे 15 लाख से स्कूल की इमारत बनना नामुमकिन था। इसके बाद स्कूल की इमारत बनाने के लिए जून 2023 में लाेक निर्माण विभाग ने 46.91 लाख की एक ओर डीपीआर तैयार कर सरकार को भेजी दी है। मगर अभी तक डीपीआर को मंजूरी न मिलने के कारण स्कूल का निर्माण कार्य अधर में लटका हुआ है।
मौजूदा समय में बच्चे स्कूल परिसर में खस्ताहाल इमारत में पढ़ने पर मजबूर है। गौरतलब है कि स्कूल परिसर में पुरानी इमारत में बने कमरे पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो चुके हैं। स्कूल की नई इमारत न बनने से बच्चों को पुराने कमरों में ही पढ़ाई करनी पढ़ रही है।
स्कूल में नई इमारत बनाने के लिए 2010 में 39.91 लाख की राशि आई थी। उस समय 22.80 लाख रुपये खर्च कर स्कूल की नींव ही तैयार हो पाई थी। क्योंकि इमारत बनाने के लिए काफी पैसों की जरूरत थी। जबकि स्कूल की इमारत की राशि से सिर्फ नींव भरने के बाद 15 लाख रुपये ही बचे थे। इसके चलते 2023 में 46 लाख की एक ओर डीपीआर तैयार कर लोक निर्माण विभाग को भेजी थी। मंजूरी मिलते ही निर्माण कार्य को शुरू करवा दिया जाएगा।
- जसवीर सिंह, डीडीसी
विभाग की ओर से स्कूल की इमारत को जल्द से जल्द बनाने के लिए प्रयास किए जा रहे हैं। स्कूल की नई इमारत बनाने के लिए डीपीआर बनाकर सरकार को भेज दी है। इसकी मंजूरी मिलते ही स्कूल की इमारत का निर्माण कार्य शुरू करवा दिया जाएगा।
-कल्पना जसरोटिया,
डिप्टी सीईओ