पुलिस ने नए आपराधिक कानून और जीरो एफआईआर पर बढ़ाई जन जागरूकता
उधमपुर। पुलिस और जनता के संबंधों को मजबूत करने व सामुदायिक मुद्दों पर जागरूकता बढ़ाने के लिए एसएसपी अमोद अशोक नागपुरे की अध्यक्षता में पुलिस सामुदायिक भागीदारी समूह की बैठक आयोजित की गई। यह बैठक रिवायत बैंक्वेट हॉल में हुई, जिसमें जीरो एफआईआर, नशीली दवाओं के दुरुपयोग, गोजातीय तस्करी और नए आपराधिक कानूनों पर चर्चा की गई।
बैठक में जीरो एफआईआर की अवधारणा पर विस्तार से चर्चा की गई। एसएसपी ने बताया कि कोई भी नागरिक किसी भी पुलिस स्टेशन में, स्थान की परवाह किए बिना, अपनी शिकायत दर्ज करा सकता है। बाद में यह एफआईआर संबंधित पुलिस स्टेशन को स्थानांतरित कर दी जाती है, जहां अपराध हुआ है।
एसएसपी ने युवाओं में ड्रग्स के बढ़ते खतरे और इसके घातक प्रभावों पर जागरूकता बढ़ाने की जरूरत बताई। उन्होंने बताया कि पुलिस नशीली दवाओं के नियंत्रण को लेकर कानूनी कार्रवाई तेज कर रही है और जनता से अपील की कि वे इस अभियान में सहयोग करें।
अवैध गोजातीय तस्करी से जुड़े कानूनी परिणामों और दंडात्मक कार्रवाई के बारे में भी जानकारी दी गई। एसएसपी ने जनता से आग्रह किया कि यदि उन्हें किसी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी मिले, तो तुरंत पुलिस को सूचित करें।
बैठक में हाल ही में संशोधित आपराधिक कानूनों पर चर्चा की गई। एसएसपी ने बताया कि ये बदलाव कानून प्रवर्तन को अधिक प्रभावी बनाने और सार्वजनिक सुरक्षा को सुनिश्चित करने के लिए किए गए हैं।
पुलिस और जनता के बीच विश्वास और सहयोग को बढ़ाने के लिए चर्चा की गई। एसएसपी ने भरोसा दिलाया कि स्थानीय लोगों द्वारा उठाई गई समस्याओं पर पुलिस त्वरित कार्रवाई करेगी। उन्होंने नागरिकों से अनुरोध किया कि वे एक सुरक्षित समाज बनाने के लिए पुलिस के साथ मिलकर काम करें। इस बैठक में डीवाईएसपी मुख्यालय प्रहलाद शर्मा, एसएचओ रघुवीर सिंह, प्रमुख नागरिक, पूर्व पुलिस कर्मी, चौकीदार, पंच, सरपंच और स्थानीय युवा उपस्थित रहे।