श्रीनगर में सिविल सचिवालय की फाइलों व सामान को ले जाते कर्मी।
- फोटो : बासित जरगर
इसे लेकर जम्मू सचिवालय में पिछले करीब एक माह से लगातार तैयारियां चल रहीं हैं। श्रीनगर से जम्मू तक दरबार का काफिला शनिवार और रविवार को अवकाश के दौरान आएगा। इसके लिए जेकेआरटीसी की बसों को बुक किया गया है। सचिवालय के अलावा निदेशालय समेत दूसरे विभागों के कर्मचारी भी जम्मू आएंगे। प्रदेश सरकार ने जम्मू के लिए सचिवालय से बाहर के विभागों के लिए 33 फीसदी या फिर कम से कम 10 कर्मचारियों को ले जाने के निर्देश दिए हैं। जानकारी के अनुसार करीब 50 विभागों के कर्मचारी कैंप ऑफिस के तौर पर दरबार के साथ जम्मू आएंगे। जबकि सचिवालय के सभी प्रशासनिक सचिव, सचिव और अधिकारी जम्मू पहुंचेंगे।
दरबार मूव के लिए प्रदेश सरकार ने पहले ही जेकेआरटीसी की बसों का इंतजाम कर लिया है। सचिवालय में दो काउंटर के माध्यम से जम्मू आने वाले कर्मचारियों को एडवांस में टिकट दे दी गई है। सामान्य प्रशासन विभाग के आदेशों में जम्मू आने वाले कर्मचारियों को ला रहे वाहनों के काफिले के साथ दो खाली बसें चलेंगी। साथ ही एक क्रेन को चलाने के निर्देश भी जेकेआरटीसी को दिए गए हैं।
कर्मचारियों के काफिले को पुलिस के जवानों की सुरक्षा में जम्मू तक लाया जाएगा। दरबार मूव के दौरान कर्मचारियों को आपात चिकित्सा देने के लिए काजीगुंड, बनिहाल, रामबन, चिनैनी, उधमपुर और झज्जरकोटी अस्पतालों को अलर्ट पर रखा गया है। इन अस्पतालों में स्वास्थ्य विभाग ने शनिवार और रविवार के लिए अतिरिक्त स्टाफ का इंतजाम किया है। आपात स्थिति में स्वास्थ्य कर्मचारी दरबार मूव के साथ जम्मू आ रहे स्टाफ को मदद करेंगे।
श्रीनगर में सिविल सचिवालय की फाइलों व सामान को ले जाते कर्मी।
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श्रीनगर में सिविल सचिवालय की फाइलों व सामान को ले जाते कर्मी।
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जम्मू में कर्मचारी आवास के बाहर राशन वितरण केंद्र
परिवार के साथ जम्मू पहुंच रहे कर्मचारियों के लिए राशन घरद्वार पर मिलेगा। सरकार ने खाद्य आपूर्ति विभाग को कर्मचारी आवास के बाहर राशन वितरण केंद्र खोलने के निर्देश दिए हैं। कर्मचारी आवास में दाखिल होने के साथ ही सभी रोजमर्रा की जरूरत का सामान कर्मचारियों को इन्हीं केंद्रों पर हासिल हो सकेगा।
कर्मचारियों को मिली एडवांस सैलरी
दरबार मूव के साथ जम्मू आने वाले सभी कर्मचारियों को प्रदेश सरकार ने एडवांस सैलरी जारी कर दी है। कर्मचारियों को 29 अक्तूबर को ही वेतन का भुगतान कर दिया गया है। इसके अलावा कैंप ऑफिस के तौर पर श्रीनगर सचिवालय से जोड़े गए कर्मचारियों के पहचान पत्र भी जमा कर लिए गए हैं। अब इन कर्मचारियों को सोमवार तक जम्मू में नए सिरे से पहचानपत्र प्रदान किए जाएंगे।
श्रीनगर में सिविल सचिवालय की फाइलों व सामान को ले जाते कर्मी।
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प्रदेश सरकार सोमवार से जम्मू सचिवालय में होगी। करीब छह माह बाद एक बार फिर परिसर को छावनी में बदल दिया गया है। सचिवालय की सुरक्षा सीआरपीएफ के हवाले रहेगी। सचिवालय की सुरक्षा के अलावा केंद्रीय सुरक्षा बल को तैनाती दी गई है। सचिवालय की बाहरी सुरक्षा के अलावा अंदरूनी हिस्से को भी सरकार के स्वागत के लिए तैयार कर लिया गया है। मंत्रियों, मुख्य सचिव और विभाग के आयुक्त सचिवों के कार्यालयों में रंग-रोगन का काम हो गया है। सामान्य प्रशासन के आदेश पर नए मंत्रियों के लिए कार्यालयों का इंतजाम किया जा रहा है। नए मंत्रियों के लिए धरातल पर कार्यालयों का इंतजाम किया गया है। पुराने मंत्रियों का कार्यालय पहली और दूसरी मंजिल पर रहेगा।
रंग-रोगन की महक करेगी स्वागत
सचिवालय में सरकार का स्वागत रंग-रोगन की महक के बीच होगा। रंग-रोगन होने से समूचा सचिवालय महक रहा है। इसके अलावा ऊपरी मंजिल पर सफाई चलते रहने से तीसरी मंजिल पर धूल की स्थिति बनी हुई है। रविवार तक इसे खत्म करने के लिए इंतजाम करने की बात कही जा रही है।
यहां बैठेंगे मंत्री
सचिवालय में मंत्रियों के कार्यालयों में बदलाव किया गया है। नए मंत्री सैफुल्ला मीर का कार्यालय ग्राउंड फ्लोर पर है। दूसरे नए मंत्रियों को बैठाने के भी इंतजाम हो रहे हैं। हालांकि अभी तक उनके कार्यालय को चिह्नित नहीं किया गया है। पहली मंजिल पर उपमुख्यमंत्री सुरिंदर चौधरी और सकीना इत्तू, दूसरी मंजिल पर जावेद अहमद डार और जावेद अहमद राणा के कार्यालय होंगे। पहले मुख्यमंत्री समेत छह मंत्री थे। अब संख्या बढ़कर नौ हो गई है। सतीश शर्मा का कार्यालय खाली हुआ है।
आज पहुंचना शुरू होंगे कर्मचारी कर्मचारियों की आवाजाही आज से शुरू हाेगी। जरूरी दस्तावेज और सामान भी गाड़ियों से जम्मू पहुंच जाएगा। सचिवालय में आगामी दो दिन तक अवकाश के दौरान श्रीनगर से आने वाले सामान की व्यवस्था विभागों के अनुसार की जाएगी।
श्रीनगर और जम्मू के बीच दरबार मूव को लेकर चलने वाले वाहनों के लिए यातायात में बदलाव किए गए हैं। इनमें आगामी दो दिन तक भारी वाहन प्रतिबंधित रहेंगे।