श्रीनगर। इंडियन पेंचक सिलाट फेडरेशन की ओर से आयोजित राष्ट्रीय रेफरी एवं ज्यूरी कोर्स का शनिवार को शेर-ए-कश्मीर इंडोर स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में उत्साहपूर्ण माहौल के बीच शुभारंभ हुआ। इस कार्यक्रम में देशभर से खेल अधिकारी, कोच, रेफरी और मार्शल आर्ट्स से जुड़े लोग शामिल हुए।
16 मई से 19 मई 2026 तक चलने वाले इस चार दिवसीय कोर्स को जम्मू-कश्मीर स्पोर्ट्स काउंसिल का सहयोग प्राप्त है। इसका उद्देश्य भारत में पेंचक सिलाट खेल में तकनीकी मानकों और ऑफिशिएटिंग प्रणाली को और मजबूत बनाना है। उद्घाटन समारोह में जम्मू-कश्मीर स्पोर्ट्स काउंसिल की सचिव नुजहत गुल मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहीं, जबकि इंटरनेशनल पेंचक सिलाट फेडरेशन की अंतरराष्ट्रीय शिक्षिका टिटिह हयाती ने विशिष्ट अतिथि के तौर पर शिरकत की। इस अवसर पर खेल और मार्शल आर्ट्स से जुड़े कई वरिष्ठ अधिकारी और गणमान्य व्यक्ति भी उपस्थित रहे।
देश के विभिन्न राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से 200 से अधिक कोच, रेफरी और तकनीकी अधिकारी इस प्रतिष्ठित कोर्स में भाग ले रहे हैं, जिससे यह देश में पेंचक सिलाट पेशेवरों का सबसे बड़ा तकनीकी आयोजन बन गया है।
कार्यक्रम के दौरान प्रतिभागियों को अंतरराष्ट्रीय रेफरिंग मानकों, ज्यूरी सिस्टम और आधुनिक ऑफिशिएटिंग प्रक्रियाओं की विशेषज्ञों द्वारा विस्तृत जानकारी दी जाएगी।
अपने संबोधन में नुजहत गुल ने आयोजकों की सराहना करते हुए कहा कि श्रीनगर को मेजबान शहर चुना जाना गर्व की बात है। उन्होंने कहा कि इस तरह के राष्ट्रीय स्तर के तकनीकी कोर्स युवाओं में खेल संस्कृति और पेशेवर सोच को बढ़ावा देने में अहम भूमिका निभाते हैं।