श्रीनगर के गुरुद्वारा छठी पातशाही में अरदास करते श्रद्धालु। संवाद
- रागी जत्थों ने शबद कीर्तन का गायन कर संगत को किया निहाल, लंगर लगाए
अमर उजाला ब्यूरो
श्रीनगर। श्री गुरु गोबिंद सिंह जी का प्रकाश पर्व सोमवार को श्रद्धा एवं उत्साह के साथ मनाया गया। श्रीनगर सहित कश्मीर के सभी गुरुद्वारे गुरबाणी के पाठ और शबद-कीर्तन से गूंजते रहे। इस दौरान लंगर भी लगाए गए। गुरु साहिब की शिक्षाओं के बारे में बताया गया और उनपर चलने की सीख दी गई। प्रकाश पर्व पर गुरुद्वारों को विशेष तौर पर सजाया गया था।
श्रीनगर के गुरुद्वारा छठी पातशाही को भव्य रूप में सजाया गया था। सोमवार को यहां पर बड़ा आयोजन हुआ। श्रीनगर गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के सदस्य गुरमीत सिंह ने बताया कि प्रकाश पर्व पर अलसुबह श्रीनगर के स्थानीय गुरुद्वारों में पाठ आयोजित किया गया। उसके बाद गुरुद्वारा छठी पातशाही में अरदास हुई और श्री गुरु ग्रंथ साहिब का पाठ किया गया। रागी जत्थे ने शबद-कीर्तन से संगत को निहाल किया। गुरुद्वारा साहिब में लंगर लगाया गया जो दोपहर तक चलता रहा।
पुलवामा के त्राल में स्थित गुरुद्वारे में प्रकाश पर्व पर विशेष कीर्तन हुआ। अरदास और श्री गुरु ग्रंथ साहिब के पाठ के बाद लंगर लगाया गया। इस दौरान काफी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे। बारामुला के गुरुद्वारा साहिअ छठी पादशाही में भी भव्य आयोजन किया गया।
शोपियां गुरुद्वारे में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच अरदास और शबद कीर्तन किया गया। जिले भर से सिख श्रद्धालु बड़ी संख्या में धार्मिक कार्यक्रम में शामिल हुए और सभी के लिए शांति, समृद्धि और खुशी के लिए अरदास की।