- नोटम और रनवे पर चल रहे रखरखाव के काम के कारण पेलोड सीमाएं लागू कीं
अमर उजाला ब्यूरो
श्रीनगर। श्रीनगर हवाई अड्डे के लिए जारी नोटम और रनवे पर चल रहे रखरखाव के काम के कारण रनवे की लंबाई पर अस्थायी पाबंदियां लागू हैं। उड़ान सुरक्षा के हित में विमानों के संचालन पर अब पेलोड की सीमाएं लागू कर दी गई हैं। इसके चलते हज यात्रा से लौटने वाले हाजियों का अधिकतर सामान अब सड़क मार्ग से लाया जाएगा।
अधिकारियों के अनुसार हज उड़ानों के शेड्यूल में किसी भी तरह की बाधा से बचने और तीर्थयात्रियों को होने वाली असुविधा को कम करने के लिए अकासा एयरलाइंस की ओर से संचालित हज तीर्थयात्रियों की वापसी की यात्रा श्रीनगर एम्बार्केशन पॉइंट तक अहमदाबाद के रास्ते से तय की गई है। इसमें अहमदाबाद तक 35 किलोग्राम चेक-इन बैगेज (सामान) ले जाने की अनुमति होगी।
इसके बाद अहमदाबाद-श्रीनगर उड़ान में प्रति तीर्थयात्री केवल पांच किलोग्राम चेक-इन बैगेज ले जाया जाएगा जबकि शेष 30 किलोग्राम बैगेज सड़क मार्ग से अलग से श्रीनगर भेजा जाएगा। केबिन बैगेज (हाथ में ले जाने वाले सामान) की अनुमति में कोई बदलाव नहीं किया गया है। ये व्यवस्थाएं पूरी तरह से हवाई अड्डे के संचालन संबंधी सीमाओं और विमानन सुरक्षा की आवश्यकताओं के कारण की गई हैं।
अल्पसंख्यक कार्य मंत्रालय, भारतीय हज समिति और जम्मू-कश्मीर राज्य हज समिति, तीर्थयात्रियों की सुरक्षित, सुचारु और गरिमापूर्ण वापसी सुनिश्चित करने के लिए सभी संबंधित पक्षों के साथ लगातार समन्वय में हैं। सुरक्षा के साथ कोई समझौता नहीं किया जा सकता और सभी निर्णय तीर्थयात्रियों के सर्वोत्तम हित में ही लिए गए हैं।