श्रीनगर। जम्मू-कश्मीर पीपुल्स कॉन्फ्रेंस के अध्यक्ष और हंदवाड़ा विधायक सज्जाद लोन ने केंद्र शासित प्रदेश में आरक्षण व्यवस्था में संभावित बदलावों की खबरों पर प्रतिक्रिया दी है।
उन्होंने कहा कि आरक्षण में बदलाव कश्मीरी बोलने वालों पर भारी पड़ेगा। उन्होंने कहा कि महीनों पहले उन्होंने जो आशंकाएं जताई थीं, वही अब सच होती दिख रही हैं। तीन जुलाई को दी अपनी चेतावनी को याद करते हुए लोन ने कहा कि मुझे लंबे समय से डर था कि अगर कोई बदलाव होंगे भी तो कश्मीरी बोलने वाली आबादी की कीमत पर होंगे। उन्होंने दावा किया कि भाजपा के शासनकाल में भी रिजर्व्ड बैकवर्ड एरिया (आरबीए) श्रेणी को छूने की हिम्मत नहीं हुई थी।
लोन ने कहा, मैं अधिकारपूर्वक कह सकता हूं कि भाजपा के दौर में आरक्षण पर फैसला लेते समय आखिरी मौके पर भाजपा भी डर गई और आरबीए को हाथ नहीं लगाने का फैसला किया। वजह यह थी कि यह एकमात्र आरक्षण है जिसमें कश्मीरियों को कुछ राहत मिलती है। भाजपा ने कश्मीरियों के साथ जो करने की हिम्मत नहीं की, अगर आ रहीं रिपोर्ट सही है तो नेकां ने वो कर दिखाया। ब्यूरो