चार किलो चरस मामले में अंतरराज्यीय तस्कर को सुनाई 10 साल की सजा
नशे के खिलाफ सख्ती के संदेश के बीच लुधियाना की विशेष एनडीपीएस कोर्ट ने अंतरराज्यीय चरस तस्करी मामले में बड़ा फैसला सुनाया है। अदालत ने आरोपी अजीत सिंह को 10 साल के कठोर कारावास और एक लाख रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है।
अदालत का यह निर्णय 2018 में दर्ज चार किलो से अधिक चरस बरामदगी मामले में आया है। मामला 20 फरवरी 2018 का है, जब नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (एनसीबी) की चंडीगढ़ जोनल यूनिट को गुप्त सूचना मिली थी कि लुधियाना में बड़ी मात्रा में चरस की खेप पहुंचने वाली है। सूचना पर कार्रवाई करते हुए टीम ने जाल बिछाया और जम्मू-कश्मीर के कठुआ निवासी अजीत सिंह को गिरफ्तार कर लिया। उसके कब्जे से 2.840 किलोग्राम चरस बरामद की गई।
पूछताछ में मिले सुराग के आधार पर टीम ने शहर के एक होटल में छापा मारकर उसके सहयोगी श्याम लाल को भी गिरफ्तार किया। उसके पास से 1.175 किलोग्राम चरस बरामद हुई। इस तरह एक ही दिन में कुल चार किलोग्राम से अधिक चरस जब्त की गई। एनसीबी ने अगस्त 2018 में दोनों आरोपियों के खिलाफ अदालत में आरोपपत्र दाखिल किया था। सुनवाई के दौरान 20 नवंबर 2025 को सह-आरोपी श्याम लाल की मृत्यु हो गई, जिसके चलते उसके खिलाफ कार्यवाही समाप्त कर दी गई। वहीं अजीत सिंह के खिलाफ मुकदमा जारी रहा। अदालत ने पेश साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर उसे दोषी करार देते हुए सजा सुनाई।