जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेशनल कांफ्रेंस नेता मंगलवार को श्रीनगर स्थित प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के कार्यालय पहुंचे। जम्मू-कश्मीर क्रिकेट एसोसिएशन (जेकेसीए) घोटाला से जुड़े मामले में उन्हें पेश होने के लिए कहा गया था। 27 मई को ईडी ने समन जारी फारूक अब्दुल्ला को जांचकर्ताओं के सामने पेश होने के लिए कहा था।
इस दौरान मीडिया से रूबरू होते हुए फारूक अब्दुल्ला ने प्रोफेसर भीम सिंह के निधन पर दुख जताया। उन्होंने कहा कि प्रो. भीम सिंह ने हमेशा एकता और इंसानियत की बात की है। उन्होंने जम्मू-कश्मीर में हकों के लिए बात की है। उनकी दुआ है ईश्वर उनकी आत्मा को शांति दे।
बता दें, मनी लॉन्ड्रिंग मामले में जम्मू-कश्मीर में श्रीनगर के राममुंशी बाग पुलिस स्टेशन में दर्ज एक मामले के आधार पर जेकेसीए पदाधिकारियों के खिलाफ जांच शुरू की गई है। इस मामलें में जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री फारूक अब्दुल्ला भी आरोपी हैं।
ईडी का कहना है कि जांच से पता चला है कि जेकेसीए के कुछ पदाधिकारियों ने 51.90 करोड़ रुपये के जेकेसीए फंड का दुरुपयोग किया और अपनी व्यक्तिगत और व्यावसायिक देनदारियों को निपटाने के लिए अपराध की आय का उपयोग किया है। इस केस में केस में ईडी ने अस्थायी रूप से 7.25 करोड़ रुपये की संपत्ति भी कुर्क की है। एजेंसी ने फारूक अब्दुल्ला और अन्य की 14 करोड़ रुपये की संपत्ति कुर्क की थी।