उप राज्यपाल मनोज सिन्हा ने बुधवार को कश्मीर इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर में कुमाऊं साहित्य महोत्सव का उद्घाटन किया। उन्होंने कहा कि यह उत्सव देश के प्रसिद्ध लेखकों, कवियों, विचारकों को कला, संस्कृति और साहित्य का जश्न मनाने के लिए एक साथ लाता है और लोगों को नए विचारों और दृष्टिकोणों का पता लगाने का अवसर प्रदान करता है।
उप राज्यपाल ने कश्मीरी, पहाड़ी, गोजरी, डोगरी, पंजाबी सहित स्थानीय भाषाओं को बढ़ावा देने के प्रयासों पर भी बात की। कहा कि केंद्र शासित प्रदेश जम्मू-कश्मीर के प्रतिभाशाली युवा लेखकों की क्षमता का दोहन करने के लिए सही मंच प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है।
पिछले साल शुरू की गई जम्मू और कश्मीर की फिल्म नीति का जिक्र करते हुए कहा कि इस नीति ने यूटी के सुरम्य स्थानों में फिल्मों की शूटिंग की सुविधा प्रदान की गई है और बॉलीवुड का 70-80 के दशक का स्वर्ण युग वापसी कर रहा है।
प्रशासन ने शोपियां, पुलवामा, श्रीनगर में सिनेमा हॉल शुरू कर दिए हैं और हर जिले में सिनेमा हॉल शुरू करने के प्रयास जारी हैं। इस साल सितंबर तक रिकॉर्ड 1.60 करोड़ पर्यटक जम्मू-कश्मीर आए थे जो अपने आप में एक जीवंत जम्मू-कश्मीर का प्रमाण है।