श्रीनगर। एआईसीसी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ ''''आतंकवादी'''' वाली टिप्पणी उन करोड़ों भारतीयों पर हमला है जिन्होंने प्रधानमंत्री को चुना है। यह बात भाजपा नेता और राजस्थान सरकार में युवा मामले एवं खेल मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौर ने कही।
पार्टी के चर्च लेन स्थित कार्यालय में राठौर ने कहा कि कांग्रेस अध्यक्ष ने प्रधानमंत्री मोदी के खिलाफ ''''मौखिक हिंसा'''' की है और उन्हें इसके लिए माफी मांगनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि एक शारीरिक हिंसा होती है और दूसरी मौखिक हिंसा। इतने वरिष्ठ राजनेता का एक सांविधानिक पद के खिलाफ ऐसा व्यवहार करना चुनावी हताशा को दिखाता है। वह भी ऐसे सांविधानिक पद के खिलाफ जिसे करोड़ों भारतीयों ने चुना है। आप देख सकते हैं कि सोच, समझदारी और संस्कृति कहां चली गई है। भाजपा नेता ने कहा कि आज देश की जनता ऐसे राजनेताओं से सवाल करती है कि क्या सत्ता हथियाना इतना जरूरी है कि लोग लोकतांत्रिक और सांस्कृतिक मूल्यों को भूलकर ऐसे हमलों में शामिल हो जाते हैं।
राठौर ने कहा कि यह उन करोड़ों भारतीयों पर हमला है जिन्होंने मोदी को देश का प्रधानमंत्री चुना है। इसकी कड़ी निंदा होनी चाहिए और साथ ही कहा कि खड़गे को माफी मांगनी चाहिए। सुप्रीम कोर्ट द्वारा राजनीतिक-परामर्श फर्म आई पैक के दफ्तर में ईडी की तलाशी के दौरान पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के रवैये पर सवाल उठाने का स्वागत करते हुए राठौर ने कहा कि यह सच्चाई की जीत है। उन्होंने पश्चिम बंगाल में पर्दे के पीछे क्या चल रहा था उसका पर्दाफाश करने के लिए सुप्रीम कोर्ट को बधाई दी। उन्होंने आगे कहा कि जब बंगाल में जज भी सुरक्षित नहीं हैं तो और कौन सुरक्षित हो सकता है। इसलिए यह निश्चित रूप से सच्चाई की जीत है।
बंगाल में हिंसा के बारे में पूछे गए एक सवाल के जवाब में राठौर ने उम्मीद जताई कि इस बार मतदान का प्रतिशत बढ़ेगा क्योंकि वहां सुरक्षाबलों को बड़ी संख्या में तैनात किया गया है। उन्होंने कहा कि मेरे पास सीधे तौर पर मिली जानकारी तो नहीं है लेकिन बंगाल में हमेशा से ही डर की राजनीति से शासन चलता रहा है। पिछले चुनावों के बाद भी वहां हिंसा हुई थी। लेकिन इस बार हिंसा को कम रखने के लिए वहां सुरक्षाबल भेजे गए हैं। मतदान भी दो चरणों में होगा। चुनाव आयोग ने केंद्र सरकार को हिंसा पर काबू पाने के लिए वहां सुरक्षाबल भेजने का निर्देश दिया है और हमें उम्मीद है कि इस बार मतदान का प्रतिशत बढ़ेगा।
जम्मू-कश्मीर को फिर से राज्य का दर्जा देने के सवाल पर भाजपा नेता ने कहा कि यह देश का बहुत ही महत्वपूर्ण क्षेत्र है लेकिन हर चीज की एक प्रक्रिया होती है। उन्होंने कहा कि जैसे-जैसे हम इस प्रक्रिया में आगे बढ़ेंगे राज्य का दर्जा मिल जाएगा। इससे पहले राठौर ने संसद में सांविधानिक संशोधन बिल पास होने में रुकावट डालने के लिए कांग्रेस और दूसरी विपक्षी पार्टियों पर जोरदार हमला बोला। उन्होंने कहा कि महिलाओं ने आरक्षण और नीति-निर्माण व फैसले लेने की प्रक्रिया का हिस्सा बनने के लिए बहुत लंबे समय तक इंतजार किया है लेकिन कांग्रेस और कुछ दूसरी विपक्षी पार्टियों ने इसे लागू करने में रुकावटें डालीं।
उन्होंने कहा कि इस संशोधन ने सभी पार्टियों को इसका श्रेय लेने का एक मौका दिया था कि वे इसे सर्वसम्मति से पास करें। ठीक वैसे ही जैसे 2023 में महिला आरक्षण बिल सर्वसम्मति से पास हुआ था। उन्होंने कहा कि मोदी मौजूदा लोकसभा सीटों की संख्या में ही महिला आरक्षण लागू करके किसी से कुछ भी छीनना नहीं चाहते थे। राठौर ने कहा कि बेहतर यही था कि पहले सीटों का विस्तार किया जाए और फिर महिलाओं को प्रतिनिधित्व दिया जाए।