जानकारी के अनुसार बच्चा नदी में नहाते समय तेज बहाव में बह गया था। घटना के बाद राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (एसडीआरएफ), जम्मू-कश्मीर पुलिस, भारतीय नौसेना की विशेष इकाई मार्कोस, भारतीय सेना और स्थानीय स्वयंसेवकों ने संयुक्त रूप से तलाशी अभियान शुरू किया।
तीन दिन तक चला सर्च ऑपरेशन
बचाव दलों ने लगातार तीन दिनों तक नदी और आसपास के इलाकों में सघन तलाशी अभियान चलाया। कठिन परिस्थितियों के बावजूद टीमों ने अभियान जारी रखा और आखिरकार बच्चे का शव बरामद कर लिया।
स्थानीय लोगों ने बचाव दलों का जताया आभार
बच्चे का शव मिलने के बाद स्थानीय लोगों ने भारतीय सेना, एसडीआरएफ, मार्कोस, सोपोर पुलिस और स्वयंसेवकों की सराहना की। लोगों ने कहा कि सभी एजेंसियों ने आपसी समन्वय और पूरी प्रतिबद्धता के साथ अभियान चलाया और अंतिम समय तक बच्चे की तलाश जारी रखी।
बेहतर बचाव संसाधनों की उठाई मांग
स्थानीय लोगों ने प्रशासन से क्षेत्र में आपदा राहत व्यवस्था को और मजबूत करने की मांग की। उन्होंने कहा कि भविष्य में इस तरह की घटनाओं से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए अतिरिक्त रेस्क्यू बोट, आधुनिक उपकरण और पर्याप्त प्रशिक्षित कर्मियों की व्यवस्था की जानी चाहिए।