राजोरी। जिला मजिस्ट्रेट (डीएम) राजोेरी विकास कुंडल ने जंगल को आग से बचाने के लिए लोगों से अपील की है। डीएम ने कहा कि सभी लोग मिलकर जंगल को आग से बचा सकते हैं। जंगल सुरक्षित रहेंगे तभी जनजीवन भी सुरक्षित रहेगा। डीएम ने वन विभाग की मदद करने के लिए आम जनता, पंचायतों के सदस्यों, गैर सरकारी संगठनों, छात्रों आदि से आग को रोकने और नियंत्रित करने में सहयोग मांगी है।
साथ ही डीएम ने कहा कि जो भी शरारती तत्व जंगल में आग लगाते हुए पकड़ा गया, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। भारतीय वन अधिनियम की धारा 26 के तहत जंगल में आग लगाना एक दंडनीय अपराध है और आरोपी को दो साल की कैद या 25000 रुपये तक के जुर्माने के साथ कारावास की सजा हो सकती है।
डीएम विकास कुंडल ने एडवाइजरी जारी कर लोगों से अपील की है कि जंगल में आग लगने की घटना होने पर तत्काल इसकी सूचना वन विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों को दें। जिला प्रशासन ने एक मास्टर कंट्रोल रूम जिसका नंबर 9419190618 और 7006525350 स्थापित किया है ताकि किसी भी जंगल की आग का संदेश दिया जा सके। वहीं उपायुक्त डीएम ने डीएफओ राजोेरी डॉ अर्शदीप सिंह के साथ राजोरी के कई इलाकों का दौरा कर जंगल में आग लगने की घटनाओं की जमीनी स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने वन सुरक्षा बल और अग्निशमन एवं आपातकालीन विभाग को आपसी ताल मेल से काम करने और समय पर जंगल में लगी आग पर काबू पाने की सलाह दी। तापमान सामान्य से अधिक होने और कम वर्षा के साथ राजोेरी और नौशेरा वन प्रभाग शुष्क मौसम का सामना कर रहा है और इससे पिछले लगभग 10 दिनों के दौरान कई जंगलोें में आग लग गई है।