राजोरी बुद्धल सड़क मार्ग स्थित शहर के पलमा क्षेत्र में सोमवार को लोगों ने सड़क जाम कर पुलिस के खिलाफ प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने सड़क पर टायर जलाकर करीब दो घंटे तक यातायात ठप रखा।
प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर आरोप लगाते हुए कहा कि पुलिस की ढीली कार्यप्रणाली क्षेत्र में सांप्रदायिक तनाव पैदा कर रही है। प्रदर्शनकारियों के अनुसार रविवार और सोमवार की मध्यरात्रि को कोटदड़ा निवासी एक व्यक्ति अपने पशुओं को चराने के बाद घर ले जा रहा था।
कुछ लोगों ने उसे पशु तस्कर समझकर उसके साथ मारपीट की। किसी तरह वह व्यक्ति मौके से अपनी जान बचा कर भागा। पुलिस ने उसके साथ मारपीट करने वालों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की।
प्रदर्शनकारियों ने बताया कि करीब तीन माह पहले पलमा में एक पशु की मौत के मामले में पुलिस ने कुछ लोगों को गिरफ्तार किया था। मामले की जांच में पता चला कि जिन लोगों को पुलिस ने पकड़ा है, वे निर्दोष हैं।
अभी तक पुलिस ने उस मामले को भी अंजाम तक नहीं पहुंचाया है और असली अपराधियों को सामने नहीं लाया जा सका है। वहीं पलमा में एक विवादित भूमि को लेकर भी पुलिस व सिविल प्रशासन ने अपने अपने स्तर पर जांच शुरू की थी। कई माह बीत जाने के बाद भी कोई समाधान नहीं निकल पाया है।
प्रदर्शनकारियों का कहना था कि पुलिस व प्रशासन की लापरवाही क्षेत्र में सांप्रदायिक तनाव को बढ़ाने के लिए जिम्मेदार है। उन्होंने कहा कि यदि आने वाले समय में पुलिस प्रशासन का यही रवैया रहा तो हालात बहुत ज्यादा खराब हो सकते हैं।
करीब दो घंटे बाद एसएचओ राजोरी चमन गोका मौके पर पहुंचे। उन्होंने प्रदर्शनकारियों को मामले में सख्त कदम उठाने का आश्वासन दिला कर शांत करवाया। एसएचओ ने भरोसा दिलाया कि उच्च अधिकारियों से बात कर सभी मामलों को जल्द सुलझा लिया जाएगा।