राजोरी। जम्मू संभाग के अन्य जिलों की अपेक्षा राजोरी मेें कोरोना से मरने वालों की संख्या अधिक रही है। लेकिन, राजोेरी के दूर-दराज के गांवों में कोरोना संक्रमण को बढ़ने से रोकने के लिए प्रशासन की ओर से उठाए कदम कारगर साबित हुए। एक तरफ तो यहां वैक्सीनेशन का कार्य युद्ध स्तर पर किया गया, तो वहीं लोगों की टेस्टिंग और सैंपलिंग के अलावा लॉकडाउन के चलते कोरोना के मामलों पर अंकुश लगाने में मदद मिली है।
राजोेरी जिले के सीमावर्ती गांव कलाल के सरपंच रमेश चौधरी से संपर्क किया तो उन्होंने बताया कि उनकी पंचायत में शुरू में कोरोना पॉजिटिव केस आए थे, लेकिन स्वास्थ्य विभाग ने तत्काल ही सैंपल और टेस्टिंग शुरू कर दी और लॉकडाउन से संक्रमण पर अंकुश लगाने में मदद मिली। उनके पूरे इलाके में 45 वर्ष से ज्यादा आयु के सभी लोगों को वैक्सीन लग गई है, जिसके चलते कोरोना के मामलों में कमी आई।
वहीं, जिले की बुद्धल तहसील के दूरदराज के खवास गांव के एक लोक मित्र दिनेश ठाकुर ने बताया कि उनके गांव और आसपास के कई गांवोें में कोरोना संक्रमित मामले आते ही स्वस्थ विभाग सतर्क हो गया था। स्वस्थ विभाग की टीमों ने घर-घर जाकर लोग की सैंपलिंग करने के साथ वैक्सीनेशन का काम भी किया, जिसके चलते समय पर कोरोना के बढ़ते मामलों पर अंकुश लगा दिया गया। दिनेश ने बताया कि स्वस्थ विभाग की टीम ने लोगों को कोरोना के बारे में जागरूक भी किया है, और इससे बचने के उपाय भी बताए।
वैक्सीनेशन में आईं परेशानियां लेकिन पीछे नहीं हटे कर्मचारी- बीएमओ
जिले के कंडी स्वास्थ्य ब्लॉक के ब्लॉक मेडिकल अधिकारी डॉ इकबाल मलिक ने बताया कि उनके ब्लॉक में वैक्सीनेशन करने में शुरूआत में तो बहुत दिक्कतें आईं, क्योंकि लोग वैक्सीनेशन के लिए तैयार ही नहीं थे। लेकिन, विशेष टीमों ने दिन-रात कड़ी मेहनत की। बीएमओ ने बताया कि लोगों को वैक्सीनेशन के लिए प्रेरित करने के लिए मस्जिदों से घोषणा कराने के साथ-साथ मौलानाओं, मौलवियों का भी सहयोग लिया गया। लोगों को वैक्सीनेशन के लाभ बताए गए। तब, धीरे-धीरे लोगों में जागरूकता पैदा हुई और वह वैक्सीनेशन कराने लगे। इतना ही नहीं बुद्धल तहसील के कई इलाकों में सड़क संपर्क न होने के कारण पैदल यात्रा कर स्वास्थ्य कर्मी वैक्सीनेशन के लिए जा रहे हैं। उन्हें रास्ते में पड़ने वाली नदी नालों से होकर गुजरना पड़ रहा है।
वैक्सीनेशन का कार्य जोरों पर- जिला अधिकारी
जिले में कोरोना वैक्सीनेशन की जानकारी देते हुए जिला इम्युनिजेशन ऑफिसर डॉ परवीन योगराज ने बताया कि राजोेरी में अब तक करीब एक लाख इक्कीस हजार लोगों को टीका लगाया गया है। हेल्थ केयर वर्कर्स का पहली खुराक का लक्ष्य 6182 था, जिसमें से अब तक 5405 वर्कर्स को वैक्सीन लग गई है। जबकि, 3289 वर्कर्स को दूसरी खुराक दी गई है। जिले में 45 वर्ष से अधिक आयु के लोगों का लक्ष्य एक लाख सैंतालिस हजार छह सौ साठ है, और अब तक 82494 लोगों को वैक्सीन दी जा चुकी है। बाकी बचे लोगों को वैक्सीन देने का कार्य भी युद्धस्तर पर जारी है। वहीं, जिले के सुंदरबानो, कालाकोट और नौशेरा चिकित्सा ब्लॉकोें में 85 प्रतिशत से अधिक लोगों को वैक्सीन मिल गई है।