दो साल से राशन न मिलने से गुस्साए मुट्ठी रकवालां के ग्रामीणों ने सीएपीडी विभाग के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। लोगों ने कहा कि एक तो उन्हें राशन लेने के लिए गांव से नीचे पड़यारी में आकर दुकान से सामान लेना पड़ता है।
उस पर भी दो महीने पहले चीनी ही आई थी। चावल और आटा मिले उन्हें दो साल हो गए है। ऐसे में अगर जल्द ही उनकी इस समस्या का समाधान नहीं किया गया तो वे उग्र रुख अपना लेंगे।
प्रदर्शनकारियों का नेतृत्व कर रहे रघुवीर सिंह ने बताया कि ग्रामीणों को दो साल से चावल और आटा नहीं मिला। लोग बार-बार राशन के लिए गुहार लगाते रहे लेकिन उनको सबसे ज्यादा हैरानी तब हुई जब आरटीआई के माध्यम से पता चला कि दो साल से राशन विभाग द्वारा सप्लाई हो रहा है लेकिन लोगों तक राशन पहुंच नही रहा है।
इसकी जानकारी लेने के लिए जब दस दिन पहले वह जिला उपायुक्त के पास आए तो उन्होंने विभागीय अधिकारी को लिखा लेकिन अधिकारी ने मामले को गंभीरता से नहीं लिया।
प्रदर्शनकारियों में शामिल प्रिथीपाल सिंह ने कहा कि गांव में 40 घरों को बिना राशन के रहना पड़ रहा है लेकिन विभाग केवल एक ही जवाब देता है कि राशन मिल जाएगा।
उन्होंने कहा कि राशन कार्ड में गांव के लोगाें के साथ धोखा हुआ है। कई ऐसे परिवार हैं जो गरीबी रेखा के नीचे रहते हैं लेकिन उनके कार्ड एपीएल के बने हैं।
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि अगर उनकी समस्या का समाधान नहीं किया गया तो वह उग्र रुख अपना लेंगे। प्रदर्शनकारियों में कुलदीप सिंह, कांता देवी, रीटा देवी, सुमन देवी आदि भी उपस्थित रहे।