खैर की अवैध कटाई के बाद नुकसान का जायजा लेते राजस्व विभाग की टीम। - संवाद।
- उप मंडल में बढ़ रही खैर तस्करों की दहशत, पटवारी ने मौके पर जाकर स्थिति का जायजा लिया
संवाद न्यूज एजेंसी
हीरानगर। खैर लकड़ी के तस्करों की दहशत लोगों में बढ़ती जा रही है। वन संपदा को नुकसान पहुंचाने के बाद अब तस्कर लोगों की जमीनों से खैर के पेड़ चोरी करने से परहेज नहीं कर रहे।
कूटा न्याबत में पड़ते बनेड़ा इलाके में तस्कर स्थानीय लोगों की जमीन से खैर के करीब 30 पेड़ काट कर ले गए। स्थानीय निवासी राकेश कुमार ने बताया कि सुबह वह अपने खेत में आए तो देखा आसपास के खेतों से कई खैर के पेड़ कटे हुए थे। इसी गांव के नरेश कुमार, मुकेश कुमार और नरेंद्र कुमार की जमीन से पेड़ काटे गए हैं जिनकी कीमत करीब ढाई से तीन लाख के बीच में होगी। उन्होंने बताया लोगों की ओर से दी गई सूचना के बाद राजस्व विभाग के पटवारी और अन्य कर्मचारियों ने मौके पर जाकर स्थिति का जायजा लिया है।
उन्होंने बताया कि पहले भी तस्कर इस तरह से लकड़ी चोरी कर चुके हैं। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार उपमंडल के डिंगा अंब क्षेत्र में भी खैर तस्कर सक्रिय हो गए हैं। लोगों में दहशत का माहौल बन गया है। संबंधित विभाग को इन पर सख्त कार्रवाई करनी चाहिए। वहीं मौके का जायजा लेने पहुंचे पटवारी बलकार सिंह ने बताया कि करीब 30 खैर के पेड़ तीन लोगों के खेतों से काटे गए हैं। रिपोर्ट तैयार कर विभाग के उच्च अधिकारियों और वन विभाग के अधिकारियों को भेजी गई है।