कठुआ। केंद्र सरकार की ओर से 2018 में वेस्ट पाकिस्तान रिफ्यूजियों के पुनर्वास के लिए घोषित पुनर्वास राशि के वितरण में हो रही देरी पर प्रभावितों ने रोष जताया है। मंगलवार को ड्रीमलैंड पार्क में वेस्ट पाकिस्तान रिफ्यूजी एक्शन कमेटी की मासिक बैठक में रिफ्यूजियों ने नारेबाजी करते राशि वितरण प्रक्रिया में तेजी लाने की मांग की।
कमेटी के प्रधान लब्बाराम गांधी ने कहा कि बीते 60 सालों से रिफ्यूजियों को उनका हक देने के लिए केंद्र सरकार ने पुनर्वास की पहल की है। लेकिन प्रशासन और राजस्व विभाग से अब भी सहयोग नहीं मिल रहा है। अधिकारियों की अनदेखी से सबसे ज्यादा कठुआ जिले के रिफ्यूजी प्रभावित हो रहे हैं। कहा कि करीब दो साल बीत जाने के बावजूद रिफ्यूजी के लिए घोषित पुनर्वास राशि के वितरण की व्यवस्था सुस्त है। अभी तक कठुआ जिला में 15 के करीब लाभार्थियों को इसका वितरण किया गया है। दस्तावेज बनाने के नाम पर प्रशासन द्वारा शुरू की गई मुहिम भी लोगों की समस्या का समाधान नहीं कर पा रही है। नौ फरवरी को डीसी कठुआ से मिलकर इस समस्या का समाधान करने की बात कही थी। डीसी ने रिफ्यूजियों के मसलों का समाधान करने के लिए अलग से व्यवस्था करने की बात कही है।
लब्बाराम ने कहा कि लगातार अपने हक के लिए आवाज उठा रहे रिफ्यूजियों को केंद्र सरकार से मिलने वाली राहत का बेसब्री से इंतजार है। जिसमें लगातार हो रही देरी उनके सब्र को तोड़ सकती है। अगर ऐसा हुआ तो रिफ्यूजियों का सड़कों पर उतरना तय है। मौके पर देव राज, प्रेम सागर, देसराज, राजपाल, रूपलाल, जगदीश राज, शाम लाल , विजय कुमार, अशोक कुमार आदि उपस्थित रहे।