सरकारी स्कूलों ने वर्ष 1988 के बाद से अपना मान खोया है। इस वर्ष के बाद से सरकारी स्कूलों में बच्चों की संख्या कम हुई। स्कूलों में शिक्षा का स्तर भी कम हुआ है। स्कूलों में सुविधाओं का अभाव है।
हालांकि, स्कूलों को बेहतर बनाने के प्रयास नाकाम हो रहे हैं। तमाम बातें जेडईओ लखनपुर ने मिडिल स्कूल लखनपुर में आयोजित कम्यूनिटी मोबिलाइजेशन प्रोग्राम के दौरान कहीं। वह विलेज एजूकेशन कमेटी एवं सरपंचों पंचों को संबोधित कर रहे थे।
कार्यक्रम के दौरान विभिन्न विलेज एजूकेशन कमेटी के सदस्यों और पंच-सरपंचों ने विभागीय अधिकारी को स्कूलों से संबंधित समस्याओं से अवगत करवाया। पंचायत जंडोर, करडोह, माह आदि से आए सरपंचों ने कहा कि उनके क्षेत्र में स्कूलों की हालत खस्ता हो गई है। स्कूलों में सुविधाओं का अभाव है।
इस पर अधिकारी ने कहा कि स्कूलों को बेहतर बनाने के लिए सरकार काफी पैसा खर्च कर रही है, लेकिन स्कूलों को बेहतर बनाने के लिए सभी को एकजुट होकर प्रयास करना होगा। उन्होंने कहा कि विभिन्न योजनाओं के तहत आने वाले पैसे को किस प्रकार इस्तेमाल किया जाए, यह वीईसी को बताना होगा। सभी अपनी जिम्मेदारी समझें और स्कूलों का मान पास लाने के लिए कार्य करें।