प्राणी विज्ञान और गणित विषयों के विद्यार्थियों के लिए न स्थायी और न ही सीआरसी लेक्चरर की व्यवस्था
संवाद न्यूज एजेंसी
कठुआ। राजकीय हायर सेकेंडरी स्कूल हट्ट लंबे समय से स्थायी लेक्चरर की कमी से जूझ रहा है। इससे वहां पढ़ने वाले 11वीं और 12वीं के विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। स्कूलों में लेक्चरर के 11 स्वीकृत में से 8 पद खाली हैं। प्राणी विज्ञान और गणित विषय पढ़ाने की अभी भी कोई व्यवस्था नहीं है।
शिक्षा विभाग ने विभिन्न विषयों को पढ़ाने के लिए क्लस्टर रिसोर्स कोऑर्डिनेटर (सीआरसी) की व्यवस्था की है। जिले में यह पहला हायर सेकेंडरी है जहां सबसे ज्यादा छह अस्थायी लेक्चरर (सीआरसी) तैनात किए गए हैं। दो विषयों को पढ़ाने की अभी कोई व्यवस्था नहीं है। शिक्षा विभाग ने 12वीं के विद्यार्थियों का प्रोविजनल दाखिला कर कक्षाएं रिजल्ट आने से पहले तो शुरू कर दी लेकिन प्राणी विज्ञान और गठित लेक्चरर की तैनाती अब तक नहीं हुई है।
स्कूल प्रशासन के अनुसार वर्तमान में वनस्पति विज्ञान, हिंदी, शिक्षा शास्त्र, अर्थशास्त्र, राजनीति विज्ञान और अंग्रेजी विषयों के लिए स्थायी लेक्चरर नहीं हैं। इन विषयों की कक्षाएं पिछले दो साल से तैनात सीआरसी के सहारे संचालित की जा रही हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि पहाड़ी और दूरदराज के सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले अधिकांश विद्यार्थी आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों से आते हैं। ऐसे में इलाके में निजी ट्यूशन लेने में भी असमर्थ होते हैं। अगर लंबे समय से स्कूलों में विषय विशेष के लेक्चरर ही उपलब्ध नहीं होंगे तो विद्यार्थियों का पाठ्यक्रम कैसे पूरा होगा। इसका सीधा असर विद्यार्थियों के अंतिम बोर्ड परीक्षाओं पर दिखाई देता है जब उनके परिणाम बेहतर नहीं आता है।
स्कूल में लेक्चरर की स्थिति
विषय स्वीकृत रिक्त
1.अंग्रेज़ी 1
1
2. वनस्पति विज्ञान 1
1
3. प्राणी विज्ञान
1 1
4. गणित
1
1
5. हिंदी
1 1
6. शिक्षा शास्त्र
1 1
7. अर्थशास्त्र
1 1
8. राजनीति विज्ञान 1
1
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लेक्चरर के खाली पद शिक्षा विभाग के उच्च अधिकारियों के संज्ञान में है। इसी कमी को देखते हुए शिक्षा विभाग ने क्लस्टर रिसोर्स कोऑर्डिनेटर (सीआरसी) को एक साल के लिए और बढ़ा दिया है। इससे विद्यार्थियों को पाठ्यक्रम पूरा करने में मदद मिलेगी। प्राणी विज्ञान और गणित विषयों के लेक्चरर की जल्द व्यवस्था कर ली जाएगी।
-बृज भूषण पाधा, प्रभारी जोनल शिक्षा अधिकारी बसोहली