20 हजार के निजी मुचलके और सामान राशि के व्यक्तिगत बांड पर रिहा करने का फैसला सुनाया
कठुआ। न्यायिक मजिस्ट्रेट महानपुर ने रास्ता रोककर मारपीट मामले में आरोपी को सशर्त जमानत दी है। आदेश के अनुसार आरोपी को कोर्ट ने 20 हजार के निजी मुचलके और सामान राशि के व्यक्तिगत बांड पर रिहा करने का फैसला सुनाया है। इसके अलावा कोर्ट ने आरोपी को निर्देश दिए हैं कि वह अदालत में आवश्यकतानुसार उपस्थित रहेगा और किसी भी तरीके से अभियोजन पक्ष के साक्ष्यों और गवाहों को प्रभावित नहीं करेगा। अगर आरोपी किसी शर्त का उल्लंघन करता है तो अभियोजन पक्ष उसकी जमानत को रद्द करने की मांग कर सकता है।
कोर्ट में आरोपी के पिता द्वारा दायर जमानत आवेदन के अनुसार, आरोपी अरुण जावेद पर अपने अन्य लोगों के साथ मिलकर शिकायतकर्ता का रास्ता रोककर उसके साथ मारपीट कर जख्मी करने का आरोप है। जिसके बाद बिलावर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ बीएनएस की धारा 126(2), 117(2), 3(5)/49 के तहत मामला दर्ज करने के बाद आरोपी को गिरफ्तार कर उधमपुर जेल में बंद है। अधिवक्ता आईबी गुप्ता ने आरोपी की ओर से जमानत याचिका दायर की अदालत से रिहाई की मांग की गई। आरोपी के वकील ने कोर्ट को बताया कि उसका मुव्वकिल निर्दोष है और पुलिस ने उसे झूठे मामले में फंसाया है। आरोपी कोर्ट की सभी शर्तों को मानने के लिए तैयार है, लिहाजा उसे मामले में जमानत दी जाए। इसके बाद अदालत ने आरोपी के खिलाफ आरोप पत्र का अवलोकन करते हुए कहा कि जमानती अपराधों में आरोपी को जमानत मिलना उसका अधिकार है। जिसके बाद कोर्ट ने आरोपी को सशर्त जमानत देने का फैसला सुनाया गया और निर्देश दिया कि वह किसी भी जमानत शर्त का उल्लंघन न करे और जब भी कोर्ट को जरूरत पड़े तो वह अदालत में उपस्थित होना चाहिए।